एक वरिष्ठ वकील ने शुक्रवार को मुजफ्फरपुर की एक कोर्ट में बिहार सीएम नीतीश कुमार, उत्पाद शुल्क आयुक्त और उत्पाद अधीक्षकों के खिलाफ आईपीसी के तहत गैर इरादतन हत्या का मामला दायर कराया है ।
वकील सुनील सिंह ने बिहार में जहरीली शराब त्रासदी में हुई 243 मौतों पर मामला दायर किया था, बता दे कि बिहार में साल 2016 से शराब पर प्रतिबंध लगा हुआ है।
शिकायतकर्ता ने राज्य सरकार के आरटीआई जवाब के आधार पर एक जनहित याचिका दायर की थी, जिसमें बताया गया था कि अप्रैल 2016 में बिहार में शराबबंदी लागू होने के बाद से 243 लोगों की मौत हो चुकी है। शिकायतकर्ता ने ये दावा किया कि शराबबंदी कानून के गलत कार्यान्वयन के कारण घटनाएं हुईं नीतीश कुमार के राज में बिहार में जहरीली शराब की घटनाएं हुई हैं और 243 लोगों की जान चली गई है।
मामला मुजफ्फरपुर जिला अदालत के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट में दायर किया गया था और इसे इस साल 16 सितंबर के लिए सूचीबद्ध किया गया है।
नीतीश कुमार के अलावा उत्पाद आयुक्त विनोद सिंह गुंजवाल और सभी जिलों के उत्पाद अधीक्षकों पर आईपीसी की धारा 304, 120बी और 34 के तहत गैर इरादतन हत्या का आरोप है।


Download Android App
Download iOS App



