बिहार की जीविका परियोजना को विश्व बैंक के अध्यक्ष द्वारा ‘इनोवेटिव आफ दी इयर, 2018‘ (Innovative of the year 2018) के लिए पुरस्कृत किया गया है। पूरे विश्व में विश्व बैंक के सहयोग से चल रही 185 परियोजनाओं में से जीविका सहित 9 अन्य परियोजनाओं को पुरस्कार हेतु चयन किया गया है।
वाशिंगटन स्थित विश्व बैंक के मुख्यालय में विश्व बैंक के दक्षिण एषिया के अध्यक्ष श्री हार्टविग स्कैफर (HARTWIG SCHAFER) ने राज्य के उपमुख्यमंत्री श्री सुशील कुमार मोदी के साथ बिहार की परियोजनाओं की समीक्षा के दौरान यह जानकारी दी। श्री हार्टविग ने बताया कि जीविका का प्रयोग नाइजिरिया, कांगो, कम्बोडिया जैसे मुल्कों में भी किया जाएगा।
ज्ञातव्य है कि विश्व बैंक पूरे भारत में सर्वाधिक लगभग 8 हजार करोड़़ बिहार के पंचायत सरकार भवन, मुख्यमंत्री ग्राम सम्पर्क योजना, बिहार कोषी पुनस्र्थापन, शिक्षक प्रशिक्षण, समाज कल्याण विभाग की बुनियाद संजीवनी सेवा, जीविका जैसे 6 विभागों के लिए ऋण प्रदान कर रहा है।
विश्व बैंक ने जीविका के तहत 90 लाख परिवारों कोे 8 लाख से ज्यादा स्वयं सहायता समूह में संगठित कर बैंकों से 6 हजार करोड़ से ज्यादा के ऋण लेकर महिलाओं के सशक्तिकरण की प्रशंसा की और कहा कि बिहार के जीविका माॅडल को दुनिया के अन्य देशों में भी विस्तारित किया जाएगा। विश्व बैंक ने बिहार में चल रही विश्व बैंक सम्पोषित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की और आश्वस्त किया कि वह बिहार को विकास हेतु और अधिक ऋण देने के लिए तैयार है।


Download Android App
Download iOS App



