Bard Of Blood Review : इमरान हाश्मी स्टारर ये जासूसी थ्रिलर आपके वीकेंड को बना सकता है रोमांचक

Summary :

आज नेटफ्लिक्स की पेशकश बार्ड ऑफ ब्लड रिलीज़ हो गयी है और अगर आप इस वीकेंड थ्रिलर एन्जॉय करना चाहते है तो आप इमरान हाश्मी स्टारर ये सीरीज देख सकते है।

आज नेटफ्लिक्स की पेशकश बार्ड ऑफ ब्लड रिलीज़ हो गयी है और अगर आप इस वीकेंड थ्रिलर एन्जॉय करना चाहते है तो आप इमरान हाश्मी स्टारर ये सीरीज देख सकते है। बार्ड ऑफ ब्लड की कहानी बिलाल सिद्दीकी की किताब पर आधारित है और एक जासूसी थ्रिलर है। 
इस सीरीज की कहानी आतंकवाद और पडोसी देशों की साजिश के इर्द गिर्द घूमती है। कहानी की शुरुआत होती है,  बलूचिस्तान से जहां 4 भारतीय खुफिया ऑपरेटर्स को तालिबान द्वारा कब्जा में कर लिया जाता है। भारतीय खुफिया विंग (IIW) को जरूरी जानकारी भेजते वक्त ये चारों जासूस मुल्ला खालिद (दानिश हुसैन) द्वारा नेतृत्व किये जा रहे तालिबानी ग्रुप के हत्थे चढ़ जाते है। 
यहां पर एंट्री होती है लीड किरदार कबीर आनंद ( इमरान हाशमी ) की जो बलूचिस्तान में अपने सहयोगी विक्रमजीत (सोहम शाह) की ऑन-ड्यूटी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराए जाने पर IIW की नौकरी छोड़ कर स्कूल में एक अंग्रेजी शिक्षक हैं। 
वरिष्ठ खुफिया अधिकारी, सादिक़ शेख कबीर आनंद को जासूसों को सुरक्षित वापस लाने के मिशन के लिए तैयार करते है और वह IIW एजेंट ईशा खन्ना (शोभिता धूलिपाला) के साथ जासूसों को छुड़ाने के लिए बलूचिस्तान के एक मिशन पर जाता है। 
हर एपिसोड के साथ बार्ड ऑफ ब्लड आपको और अधिक मनोरंजक लगने लगेगा और कहानी में कई ऐसे ट्विस्ट – टर्न है जो इसे काफी दिलचस्प बनाते है। आप इस कहानी से जुड़ा हुआ महसूस करते है और सोचते है क्या यह दिल्ली, पाकिस्तान या इस्लामाबाद है? कहानी में बैक-टू-बैक क्लिफहैंगर्स हैं और जो कहानी को और पेचीदा बनाते है।
कबीर का ऑपरेशन सफल होता है या नहीं इसके लिए आपको ये सीरीज देखनी पड़ेगी। इस सीरीज में साथ एपिसोड है,  मयंक तिवारी और ऋभु दासगुप्ता  के निर्देशन में शानदार काम किया है। 
किरदारों की चर्चा की जाए तो , 
इमरान हाशमी का वेब डेब्यू शायद इससे बेहतर नहीं हो सकता था।  एक अलग शैली में काम करते हुए उन्हें देखना काफी दिलचस्प है और उन्होंने इसे बखूबी निभाया हैं। 
विनीत कुमार सिंह श्रृंखला में एक स्टार के रूप में दिखाई देते हैं और उन्हें हर उस दृश्य में नोटिस किया जा सकता है। 
शोभिता धुलिपला ने अपनी भूमिका के साथ पूरा न्याय किया है। वह शानदार है और किरदार भी उनपर जंचा है। 
जयदीप अहलावत ने शायद इस सीरीज में सबसे शानदार काम किया है , वो अब वेब सीरीज के लिए महारथ हासिल कर चुके है। 
कीर्ति कुल्हारी की बहुत छोटी भूमिका है पर उनकी सादगी और प्रफुल्लता आपको सीरीज़ में काफी दिलचस्प लगेगी। 
90% श्रृंखला को किताब की कहानी पर बनाया गया है और 10% स्क्रिप्ट की मांग के अनुसार काम किया गया है।

Ujjwal Jain