नई दिल्ली : कृषि राज्य मंत्री परषोत्तम रुपाला ने शुक्रवार को कहा कि कृषि फसलों की उत्पादकता में कुछ सीमा तक आयी स्थिरता के मद्देनजर सरकार पशुपालन विशेष कर पोल्ट्री उद्योग को बढावा देने का हर संभव प्रयास कर रही है जिससे किसानों को आय का वैकल्पिक विकल्प उपलब्ध हो सके।
श्री रुपाला ने यहां पशुपालन विभाग की ओर से विश्व अंडा दिवस पर आयोजित एक कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि देश के कुछ हिस्सों में कुछ फलों, सब्जियों और खद्यान्न फसलों की पैदावार में स्थिरता आ गयी है जिसके कारण पोल्ट्री उद्योग को बढावा देने का प्रयास किया जा रहा है। सरकार 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने का प्रयास कर रही है और इसमें पशुपालन अहम भूमिका निभा सकता है। उन्होंने कहा कि गांव में बहुत छोटे, लघु एवं सीमांत किसान अपने घर के आसपास कुक्कुट पालन में लगे हैं और बहुत से लोगों की आय का साधन भी यही है।
उच्च गुणवत्ता वाली देशी नस्ल की गाय बढ़ाने की जरूरत : रूपाला
गाय और भैंस पालन के लिए अधिक पूंजी की जरुरत होती है और इसमें जोखिम भी अधिक होता है जबकि कुक्कुट पालन के लिए बहुत कम पूंजी और स्थान की जरुरत होती है और घर की महिलाएं भी इसे आसानी से कर सकती है। श्री रुपाला ने कहा कि पोल्ट्री उद्योग और अंडा से मिलने वाले पोषण को लेकर जागरुकता फैलाने की जरुरत है। स्वास्थ्य के प्रति जागरुक लोग खानपान में कैलोरी पर ध्यान देते हैं और अंडा इसमें अहम भूमिका निभा सकता है।


Download Android App
Download iOS App



