वाशिंगटन : वित्त मंत्री अरुण जेटली ने आज कहा कि अमेरिका आने वाले भारतीय आईटी पेशेवर अवैध आर्थिक आव्रजक नहीं है और अमेरिका सरकार को अपनी वीजा नीति पर निर्णय लेते समय इस पर उपयुक्त रूप से विचार करना चाहिए। एच-1बी वीजा गैर-आव्रजक वीजा है जो अमेरिकी कंपनियों को विदेशी कर्मचारियों को नियुक्ति की अनुमति देता है। भारतीय आईटी पेशेवरों में इसकी अच्छी मांग है।
उन्होंने कहा, भारत से एच-1बी वीजा पर जो आ रहे हैं, वे उच्च दर्जे के पेशेवर हैं। उन्होंने अमेरिकी अर्थव्यवस्था में काफी योगदान दिया। वे अवैध आर्थिक्र आव्रजक नहीं है जिसको लेकर अमेरिका में चिंता है। वे यहां वैध तरीके से आते हैं।
जेटली ने कहा कि उन्होंने अमेरिकी वित्त मंत्री स्टीवन न्यूचिन और वाणिज्य मंत्र विलबर रोस के साथ बैठकों में इस मुद्दे को उठाया। अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष और विश्वबैंक की सालाना बैठक में भाग लेने के लिये यहां आये वित्त मंत्री ने कहा कि भारतीय आईटी पेशेवर अलग व्यवहार के हकदार हैं। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, हमने अमेरिका को अपनी चिंता से अवगत कराया।
जेटली ने कहा, वे काफी उच्च कोटि के पेशेवर हैं। उन्होंने अमेरिकी अर्थव्यवस्था में काफी योगदान दिया है। वे अमेरिकी अर्थव्यवस्था का मूल्य वर्द्धन कर रहे हैं। इसीलिए जब अमेरिका अपनी वीजा नीति का निर्णय करता है, वह इन लोगों को ध्यान में रखकर फैसला करे।


Download Android App
Download iOS App



