क्रिकेट स्टेडियमों में पानी के इस्तेमाल पर NGT सख्त, मांगा जवाब

Summary :

Sports News : देश के विभिन्न क्रिकेट स्टेडियमों में जल उपयोग और जल प्रबंधन व्यवस्था से जुड़े मामले में राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने संबंधित स्टेडियमों से जवाब और अनुपालन की जानकारी मांगी है। 17 अगस्त 2026 को हुई सुनवाई में अधिकरण ने मामले को आगे की सुनवाई के लिए 28 सितंबर 2026 को सूचीबद्ध किया। अधिकरण ने दो जुलाई 2026 के अपने आदेश में कहा था कि तीन स्टेडियमों ने बार-बार नोटिस जारी किए जाने के बावजूद न तो कार्यवाही में उपस्थिति दर्ज कराई और न ही अपना जवाब दाखिल किया। देश के विभिन्न हिस्सों में गंभीर जल संकट…

Sports News : देश के विभिन्न क्रिकेट स्टेडियमों में जल उपयोग और जल प्रबंधन व्यवस्था से जुड़े मामले में राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने संबंधित स्टेडियमों से जवाब और अनुपालन की जानकारी मांगी है। 17 अगस्त 2026 को हुई सुनवाई में अधिकरण ने मामले को आगे की सुनवाई के लिए 28 सितंबर 2026 को सूचीबद्ध किया। अधिकरण ने दो जुलाई 2026 के अपने आदेश में कहा था कि तीन स्टेडियमों ने बार-बार नोटिस जारी किए जाने के बावजूद न तो कार्यवाही में उपस्थिति दर्ज कराई और न ही अपना जवाब दाखिल किया।

देश के विभिन्न हिस्सों में गंभीर जल संकट को देखते हुए एनजीटी ने अंतरिम आदेश के तहत तीन स्टेडियमों को अगली सुनवाई तक अधिकरण की अनुमति के बिना किसी भी खेल गतिविधि के संचालन से रोक दिया था। इनमें शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम, रायपुर, सवाई मानसिंह स्टेडियम, जयपुर और डॉ. डीवाई पाटिल स्टेडियम, मुंबई शामिल हैं। 17 अगस्त की सुनवाई में रायपुर और जयपुर स्टेडियम की ओर से पेश अधिवक्ताओं ने जवाब दाखिल करने के लिए एक सप्ताह का समय मांगा।

वहीं, मुंबई के डॉ. डीवाई पाटिल स्टेडियम की ओर से बताया गया कि उसका जवाब पहले ही दाखिल किया जा चुका है। केंद्रीय भूजल प्राधिकरण (सीजीडब्ल्यूए) ने बताया कि उसे जवाब पिछली शुक्रवार शाम को मिला है और इसकी जांच के लिए समय चाहिए।

स्टेडियम की ओर से यह भी बताया गया कि अधिकरण के पिछले आदेश के तहत लगाया गया खर्च जमा कर दिया गया है। इस बीच दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम ने भी पूर्व आदेश के पैरा 10 में दिए निर्देशों के अनुपालन में अतिरिक्त जवाब दाखिल कर दिया है।

सीजीडब्ल्यूए ने अधिकरण को बताया कि संबंधित पक्षों से आवश्यक जवाब मिलने के बाद जानकारी दो दिनों में संकलित कर ली जाएगी। एनजीटी की यह कार्रवाई क्रिकेट स्टेडियमों में जल खपत, भूजल उपयोग और टिकाऊ जल प्रबंधन के निर्देशों के अनुपालन की निगरानी के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

Sumant Chaudhary