नई दिल्ली : एकल अभियान के तहत भारतीय लोक शिक्षा परिषद् द्वारा देशभर में चलाए जा रहे एकल विद्यालयों के संचालन में सहयोग देने वाले दानदाताओं को सम्मानित किया गया। भारतीय लोक शिक्षा परिषद के ट्रस्ट बोर्ड द्वारा रविवार को आयोजित समर्पित सम्मान समारोह में बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित रहे राज्यसभा सांसद और एकल ग्लोबल के अध्यक्ष डॉ. सुभाष चंद्र ने परिषद एकल विद्यालयों में सक्रिय भागीदारी देने वाले लोगों को शॉल भेंटकर सम्मानित किया।
इस मौके पर उन्होंने एकल विद्यालयों पर चर्चा करते हुए एकल अभियान के साथ जुड़ने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि मौजूदा समय में एकल विद्यालय की जरूरत 20 सदी से ज्यादा है। एकल विद्यालय की कल्पना के लिए देश का आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्र में मजबूत होना जरूरी है। कार्यक्रम में हरियाणा के कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल, वन बंधु परिषद् के राष्ट्रीय अध्यक्ष रमेश सरावगी और अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान एकल अभियान के प्रणेता श्याम गुप्ता, सुभाष अग्रवाल, मूलचंद अग्रवाल, चंद्रप्रकाश अग्रवाल, नंद किशोर अग्रवाल, ट्रस्ट बोर्ड के चेयरमैन लक्ष्मी नारायण गोयल, नरेश जैन, संजीव गोयल, विजय गुप्ता और अन्य कार्यकताओं को सम्मानित किया गया।
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इस मौके पर परिषद के ट्रस्ट बोर्ड के अध्यक्ष नंद किशोर अग्रवाल अध्यक्ष ने बताया कि साल 1988 में झारखंड में 60 विद्यालयों से शुरू हुए एकल अभियान के तहत अब तक देश भर में करीब 76611 एकल विद्यालय खोले जा चुके हैं, जिसमें 20 हजार से अधिक बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। भारतीय लोक शिक्षा परिषद का लक्ष्य है कि साल 2020 तक एकल विद्यालयों की संख्या को एक लाख तक पहुंचाया जाए। उन्होंने दावा किया कि मौजूदा समय में बुनियादी शिक्षा में संस्कृति, संस्कार और देशभक्ति गायब हो गई है।


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