चैत्र पूर्णिमा पर स्नान-दान के लिए केवल ये हैं शुभ समय, नोट कर लें Timings

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Chaitra Purnima 2026 Snan Daan Timings: हिंदू धर्म में पूर्णिमा की तिथि बहुत महत्वपूर्ण मानी जाती है। वैसे तो साल में 12 पूर्णिमा आती हैं, लेकिन चैत्र महीने की पूर्णिमा का खास महत्व है क्योंकि यह नए हिंदू साल की पहली पूर्णिमा होती है। मान्यताओं के अनुसार, इसी दिन पर भगवान श्री राम के परम भक्त हनुमान जी का जन्म हुआ था। हनुमान जयंती होने की वजह से यह दिन और भी खास हो जाता है। इस दिन पवित्र नदियों में स्नान और दान करने का बहुत महत्व है। लोग बड़ी संख्या में गंगा नदी में स्नान करते हैं। माना जाता है कि पूर्णिमा पर गंगा…

Chaitra Purnima 2026 Snan Daan Timings: हिंदू धर्म में पूर्णिमा की तिथि बहुत महत्वपूर्ण मानी जाती है। वैसे तो साल में 12 पूर्णिमा आती हैं, लेकिन चैत्र महीने की पूर्णिमा का खास महत्व है क्योंकि यह नए हिंदू साल की पहली पूर्णिमा होती है। मान्यताओं के अनुसार, इसी दिन पर भगवान श्री राम के परम भक्त हनुमान जी का जन्म हुआ था। हनुमान जयंती होने की वजह से यह दिन और भी खास हो जाता है।
इस दिन पवित्र नदियों में स्नान और दान करने का बहुत महत्व है। लोग बड़ी संख्या में गंगा नदी में स्नान करते हैं। माना जाता है कि पूर्णिमा पर गंगा में डुबकी लगाने और दान देने से पुराने सभी पाप मिट जाते हैं। पूर्णिमा का दिन पूर्वजों (पितरों) को भी याद करने का होता है। आइए जानते हैं कि इस साल स्नान और दान का सही समय क्या है।

Chaitra Purnima 2026: चैत्र पूर्णिमा कब है?

Chaitra Purnima 2026
Chaitra Purnima 2026 (Source: Social Media)

हिंदू कैलेंडर के मुताबिक, चैत्र पूर्णिमा 1 अप्रैल को सुबह 7:06 बजे शुरू होगी और 2 अप्रैल को सुबह 7:41 बजे खत्म होगी। क्योंकि हिंदू धर्म में सूर्योदय के समय वाली तिथि मानी जाती है, इसलिए चैत्र पूर्णिमा 2 अप्रैल को मनाई जाएगी। इसी दिन हनुमान जयंती भी है।

Chaitra Purnima 2026 Snan Daan Timings: स्नान और दान का शुभ समय

Chaitra Purnima 2026 Snan Daan Timings
Chaitra Purnima 2026 Snan Daan Timings (Source: Social Media)
2 अप्रैल को सुबह 5:06 से 5:22 के बीच ‘ब्रह्म मुहूर्त’ रहेगा, जो स्नान और दान करने के लिए सबसे अच्छा समय है। इसके अलावा, सुबह 11:18 से दोपहर 12:59 तक ‘अमृत काल’ रहेगा। आप इस समय के दौरान भी पूजा-पाठ और दान कर सकते हैं। चैत्र पूर्णिमा पर अनाज (गेहूं, चावल), कपड़े, भोजन, गुड़, शक्कर, पानी और मटके का दान अत्यंत शुभ माना गया है। इसके अलावा इस दिन मंदिर में घी का दान या दीपक जलाने से जीवन का अंधेरा दूर होता है और रोशनी आती है।

Khushi Srivastava

खुशी श्रीवास्तव मीडिया इंडस्ट्री में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। वायरल कंटेंट, लाइफस्टाइल, हेल्थ और वास्तु शास्त्र टिप्स पर प्रमुखता से काम किया है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई के बाद पहली बार पत्रकारिता के श्रेत्र में कदम रखा। इसके बाद अमर उजाला प्रिंट (प्रयागराज) में इंटर्नशिप की। फिलहाल खुशी, पंजाब केसरी दिल्ली के डिजिटल प्लैटफॉर्म के लिए कंटेंट राइटिंग का काम करती हैं।