हनुमान जी आज भी हैं जीवित! जानिए आखिर कहां है बजरंग बली का रहस्यमयी गुप्त निवास स्थान?

Lord Hanuman Still Alive in Kaliyuga
Lord Hanuman Still Alive in Kaliyuga: हनुमान जी को कलयुग का सबसे बड़ा देवता माना जाता है। श्रीमद्भागवत पुराण के अनुसार, हनुमान जी को माता सीता से उन सात चिरंजीवियों में से एक हैं जिन्हें अमर होने का वरदान प्राप्त है। बजरंग बली साक्षात शिव के 11वें रुद्रावतार हैं, जो त्रेतायुग में श्रीराम के साथ थे, द्वापर में अर्जुन के रथ की ध्वजा पर विराजमान थे और आज कलयुग में भक्तों के रक्षक हैं।  कहते हैं कि वे आज भी हमारे बीच धरती पर मौजूद हैं। बजरंग बली भगवान शिव के ही एक रूप हैं और हर युग में पृथ्वी पर रहते हैं। आज के समय में उनकी पूजा करना सबसे अच्छा फल देने वाला माना जाता है।

जो भी इंसान सच्चे मन और सही नियम से हनुमान जी की पूजा करता है, उसके सारे दुख और परेशानियां खत्म हो जाती हैं। माना जाता है कि धरती पर एक ऐसी छिपी हुई जगह है, जहां हनुमान जी आज भी भगवान श्रीराम की भक्ति में डूबे रहते हैं। चलिए जानते हैं वह रहस्यमयी जगह कहां है।

Lord Hanuman Still Alive in Kaliyuga: गंधमादन पर्वत है हनुमान जी का निवास स्थान

पुराणों के मुताबिक, हनुमान जी गंधमादन पर्वत पर रहते हैं। यह जगह कैलाश पर्वत के उत्तर में और सुमेरु पर्वत के पास स्थित है। ऐसा कहा जाता है कि यह पर्वत कैलाश मानसरोवर और बद्रीनाथ धाम के बीच में है। पुराणों में उल्लेख है कि इस पर्वत की रक्षा यक्ष, गंधर्व और सिद्ध पुरुष करते हैं। यहां की वायु में दिव्य सुगंध (गंध) व्याप्त रहती है, इसीलिए इसका नाम ‘गंधमादन’ पड़ा। यहां कई महान ऋषि-मुनि तपस्या करते हैं।

शास्त्रों के अनुसार, जब भगवान श्रीराम अपनी लीला पूरी करके बैकुंठ (स्वर्ग) जा रहे थे, तब उन्होंने हनुमान जी को धरती पर ही रुकने का आदेश दिया था। गंधमादन पर्वत बहुत ही पवित्र है और यहां दिव्य शक्तियां रहती हैं। बौद्ध धर्म की किताबों में भी इस जगह का जिक्र मिलता है।

महाभारत की कहानी में भी इस पर्वत का नाम आता है। वनवास के दौरान जब भीम ‘सहस्त्रदल कमल’ की खोज में निकले थे, तब गंधमादन पर्वत के घने वनों में ही उनकी भेंट हनुमान जी से हुई थी। वहां हनुमान जी ने अपनी पूंछ से भीम का मार्ग रोककर उन्हें बल का वास्तविक अर्थ समझाया था और उनका घमंड तोड़ा था।

इस लेख में दी गई जानकारी धार्मिक ग्रंथियों, कहानियों या मान्यताओं पर आधारित है। पंजाब केसरी इसकी सत्यता की पुष्टि नहीं करता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *


Make Punjab Kesari Your Trusted News Source

पंजाब केसरी एक हिंदी भाषा का समाचार पत्र है जो भारत में पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली के कई केंद्रों से प्रकाशित होता है।