नासिक धर्मांतरण मामले में मुख्य आरोपी निदा खान गिरफ्तार

Summary :

मुंबई, 8 मई (आईएएनएस)। नासिक स्थित टीसीएस कार्यालय से जुड़े कथित धर्मांतरण और उत्पीड़न मामले की मुख्य आरोपियों में से एक निदा खान को कई दिनों तक पुलिस से बचने के बाद महाराष्ट्र पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। अधिकारियों के अनुसार, निदा खान को गुरुवार को छत्रपति संभाजीनगर के नरेगांव क्षेत्र स्थित कैसर कॉलोनी के एक आवासीय अपार्टमेंट से गिरफ्तार किया गया। बताया जा रहा है कि वह पिछले कुछ दिनों से अपने माता-पिता, भाई और मौसी के साथ वहां रह रही थीं। पुलिस टीमें करीब दो दिनों से उस स्थान पर नजर रख रही थीं, जिसके बाद कार्रवाई की…

मुंबई, 8 मई (आईएएनएस)। नासिक स्थित टीसीएस कार्यालय से जुड़े कथित धर्मांतरण और उत्पीड़न मामले की मुख्य आरोपियों में से एक निदा खान को कई दिनों तक पुलिस से बचने के बाद महाराष्ट्र पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।

अधिकारियों के अनुसार, निदा खान को गुरुवार को छत्रपति संभाजीनगर के नरेगांव क्षेत्र स्थित कैसर कॉलोनी के एक आवासीय अपार्टमेंट से गिरफ्तार किया गया। बताया जा रहा है कि वह पिछले कुछ दिनों से अपने माता-पिता, भाई और मौसी के साथ वहां रह रही थीं। पुलिस टीमें करीब दो दिनों से उस स्थान पर नजर रख रही थीं, जिसके बाद कार्रवाई की गई।

यह गिरफ्तारी नासिक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी), छत्रपति संभाजीनगर पुलिस कमिश्नरेट और क्राइम ब्रांच द्वारा संयुक्त रूप से की गई। जांच अधिकारियों ने बताया कि मामले की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में एक विशेष टीम गठित की गई थी।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि तकनीकी निगरानी और खुफिया जानकारी के आधार पर खान का पता लगाया गया। कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें ट्रांजिट रिमांड के लिए स्थानीय जेएमएफसी अदालत में पेश किया गया। बाद में आगे की पूछताछ और कानूनी कार्रवाई के लिए उन्हें नासिक ले जाया गया।

एसआईटी ने अपने बयान में पुष्टि की कि खान देवलाली कैंप पुलिस स्टेशन में दर्ज मामले में वांछित थीं। अधिकारियों ने बताया कि गिरफ्तारी बीएनएसएस के प्रावधानों के तहत की गई।

पुलिस सूत्रों के अनुसार, मामले के विभिन्न पहलुओं की जांच जारी है और आरोपी से पूछताछ के जरिए अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां जुटाई जा रही हैं। जांच के दौरान यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।

एनडीटीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, निदा खान ने पहले नासिक की अदालत में अग्रिम जमानत और गिरफ्तारी से अस्थायी राहत की मांग की थी। उन्होंने दावा किया था कि वह दो महीने की गर्भवती हैं लेकिन अदालत ने उन्हें अंतरिम राहत देने से इनकार कर दिया।

विवाद तब शुरू हुआ जब नासिक स्थित टीसीएस कार्यालय में कार्यरत एक महिला कर्मचारी ने अपने सहकर्मी दानिश शेख के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। शिकायतकर्ता का आरोप है कि दानिश शेख ने पहले से विवाहित होने के बावजूद शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।

पुलिस दस्तावेजों के अनुसार, निदा खान जो दानिश शेख की बहन है, ने कथित तौर पर शिकायतकर्ता के धर्म को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं और उस पर धर्म परिवर्तन का दबाव डाला। जांचकर्ताओं का यह भी दावा है कि खान और एक अन्य आरोपी तौसीफ अख्तर ने शिकायतकर्ता से दानिश शेख की शादीशुदा होने की जानकारी छिपाई।

जांच आगे बढ़ने पर कई अन्य महिलाओं ने भी नासिक शाखा के वरिष्ठ कर्मचारियों पर उत्पीड़न के आरोप लगाए। महिलाओं का कहना है कि फरवरी 2022 से मार्च 2026 के बीच उन्हें मानसिक और यौन उत्पीड़न का सामना करना पड़ा लेकिन उनकी शिकायतों को मानव संसाधन विभाग ने नजरअंदाज कर दिया।

अब तक इस मामले में पुलिस सात लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है।

मामला सामने आने के बाद टीसीएस ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जारी आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया कि निदा खान न तो एचआर मैनेजर थीं और न ही भर्ती प्रक्रिया की जिम्मेदारी संभालती थीं। वह केवल प्रोसेस एसोसिएट के पद पर कार्यरत थीं और उनके पास कोई नेतृत्व संबंधी जिम्मेदारी नहीं थी।

कंपनी ने यह भी कहा कि उसे इस मामले में अपने आंतरिक चैनलों के माध्यम से कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई थी।

–आईएएनएस

पीएम

(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)

News Desk

News Desk is the editorial team of Punjab Kesari. This article is based on information provided by IANS.