रुद्रप्रयाग, 19 मार्च (आईएएनएस)। उत्तराखंड के गढ़वाल क्षेत्र में अलकनंदा और मंदाकिनी नदियों के पवित्र संगम पर स्थित रुद्रप्रयाग में गुरुवार को मौसम ने अचानक करवट ली है। सुबह से ही बाबा केदारनाथ धाम में रुक-रुक कर बर्फबारी हो रही है। ये बर्फबारी न सिर्फ मौसम को ठंडा बना रही है, बल्कि प्रशासन की चिंताएं भी बढ़ा रही है।
केदारनाथ, जिसे 11वें ज्योतिर्लिंग के रूप में जाना जाता है, वहां इस हफ्ते में तीसरी बार बर्फबारी हो रही है। मार्च के महीने में इस तरह की लगातार बर्फबारी को थोड़ा असामान्य माना जा रहा है। आमतौर पर इस समय तक मौसम थोड़ा साफ होने लगता है, लेकिन इस बार ठंड अभी भी बनी हुई है और ऊंचाई वाले इलाकों में तापमान लगातार गिर रहा है।
दिलचस्प बात ये है कि जब देश के कई हिस्सों में लोग गर्मी से राहत पाने के तरीके ढूंढ रहे हैं, तब उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में लोग ठंड और बर्फबारी से जूझ रहे हैं। रुद्रप्रयाग जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में लगातार बर्फ गिर रही है, जिससे जनजीवन भी प्रभावित हो सकता है।
अब सबसे बड़ी चिंता ये है कि आगामी 22 अप्रैल को केदारनाथ मंदिर के कपाट खुलने हैं। हर साल लाखों श्रद्धालु बाबा के दर्शन के लिए यहां पहुंचते हैं। ऐसे में अगर मौसम इसी तरह खराब बना रहा, तो यात्रा की तैयारियों में दिक्कत आ सकती है। प्रशासन के सामने चुनौती ये है कि समय रहते रास्तों को साफ किया जाए और सभी जरूरी इंतजाम पूरे किए जाएं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो।
बर्फबारी का असर सिर्फ यात्रा पर ही नहीं, बल्कि वहां तैनात सुरक्षाबलों पर भी पड़ता है। केदारनाथ धाम में इस वक्त पुलिस और आईटीबीपी (इंडो-तिब्बतन बॉर्डर पुलिस) के जवान तैनात हैं, जो हर परिस्थिति में डटे रहते हैं। खराब मौसम के बावजूद, ये जवान अपनी ड्यूटी पूरी मुस्तैदी से निभा रहे हैं।
प्रशासन भी पूरी स्थिति पर नजर बनाए हुए है। लगातार हो रही बर्फबारी को देखते हुए हालात का जायजा लिया जा रहा है और आगे की रणनीति तैयार की जा रही है।
–आईएएनएस
पीआईएम/एबीएम
(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)


Download Android App
Download iOS App



