गोवा मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन की आपूर्ति व्यवस्थित ढंग से होनी शुरू हो गई है। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत राणे ने रविवार को कहा कि अस्पताल में जीवनरक्षक गैस का नया टैंक लाने के बाद से आपूर्ति की समस्या समाप्त हो रही है।आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक पिछले पांच दिनों में (शनिवार सुबह तक) देर रात दो बजे से सुबह छह बजे के बीच, इस सरकारी चिकित्सा केंद्र में 83 मरीजों की मौत हो चुकी है। गोवा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (जीएमसीएच) में शनिवार को 20,000 किलो लीटर के ऑक्सीजन टैंक का संचालन शुरू किया गया।
राणे ने बताया कि जीएमसीएच में ऑक्सीजन की आपूर्ति टैंक के आने के बाद से सुव्यवस्थित हो रही है। उन्होंने कहा, “अब, हमें ऑक्सीजन आपूर्ति को लेकर कोई समस्या नहीं होनी चाहिए। टैंक चालू करना इस समस्या के समाधान की दिशा में बड़ा कदम है।” मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने शनिवार को बताया कि यह टैंक बिचोलिम औद्योगिक भूमि से लाया गया है और यह कदम ऑक्सीजन सिलेंडरों पर जीएमसीएच की निर्भरता को कम करता है।
शनिवार को, जीएमसीएच के डीन डॉ शिवानंद बंडेकर ने कहा था कि पिछले कुछ दिनों में देर रात से तड़के सुबह तक हुई सभी मौतों को ऑक्सीजन स्तर घटने की वजह से होना बताना ठीक नहीं है क्योंकि कोविड-19 से पूरे दिन मौत हो रही हैं। उन्होंने कहा, “इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं।” गोवा सरकार ने इससे पहले बंबई उच्च न्यायालय को बताया था कि मरीजों को चिकित्सीय ऑक्सीजन की आपूर्ति को लेकर “साजोसामान संबंधित समस्याएं” थीं। उच्च न्यायालय की गोवा पीठ ने राज्य सरकार को सुधारात्मक कदम उठाने के लिए कहा था।


Download Android App
Download iOS App



