लुधियाना-खन्ना : पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान से जान बचाकर लुधियाना की खन्ना मंडी में पहुंचे पाकिस्तान के राज्य खैबर पख्तून ख्वा के पूर्व विधायक सरदार बलदेव कुमार ने भारत में सियासी शरण मांगी है। बलदेव कुमार पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खां की पार्टी तहिरीक-ए-इंसाफ (पीटीआइ) के पूर्व अल्प गिनती विधायक है।
बलदेव कुमार हालांकि सहजधारी सिख है और 12 अगस्त 2019 को भारत का वीजा लेकर सरहद अटारी वाघा के रास्ते पैदल पहुंचे थे। वह 2007 में खन्ना के मॉडल टाउन में स्थित भावना नाम की युवती के साथ ब्याह रचाया था। बलदेव पर 2016 में एक विधायक सुरन सिंह की हत्या के आरोप लगे थे और वह काफी समय जेल में भी बंद था। उसके विधायक के तौर पर काम करने के 2 दिन पहले ही उसे बरी किया गया था, जिस कारण वह सिर्फ 36 घंटों के लिए वहां विधारयक रहे थे और अब वह दो कमरों के मकान में किराए पर रह रहा है।
बलदेव का कहना है कि पाकिस्तान में कोई भी अलप संख्यक समुदाय सुरक्षित नहीं है और वह वापिस सरहद पार करके पाकिस्तान नहीं जाना चाहता। बलदेव ने कहा कि इमरान खान पाकिस्तान को टेरेरिस्ट स्टेट बनाना चाहते हैं। अगर ये नया पाकिस्तान है तो ये पाकिस्तान इमरान को ही मुबारक।
स्मरण रहे कि उसने अपने परिवार को कुछ समय पहले ही खन्ना में भेज दिया था। पाकिस्तान में विधायक की मोत के बाद हारे हुए उम्मीदवार को विधायक बना दिया जाता है।
बदलेव ने भारतीय सिखों को भी संदेश दिया। किसी धर्म विशेष का नाम लिए बगैर कहा कि भारत के सिखों को यह समझना चाहिए कि जो लोग हमारे गुरुओं के नहीं हुए, वे हमारे क्या होंगे। बलदेव कुमार ने कहा कि गुरुद्वारों में पाठ और अरदास के दौरान बिजली सप्लाई बंद करने वाली पाकिस्तानी कौम अल्पसंख्यकों को निम्न दर्जे के नागरिक के तौर पर देखती है। और स्थानीय भाजपा नेताओं का भी कहना है कि बलदेव की जायज मांग को मोदी तक पहुंचाएंगे और वे चाहते है कि थैलेसिमिया से पीडि़त बलदेव की बेटी रिया के इलाज में भी वे हरसंभव मदद की जाएं।
– सुनीलराय कामरेड


Download Android App
Download iOS App



