Japan Open 2025 में भारत की जबरदस्त शुरुआत, सात्विक-चिराग और लक्ष्य सेन ने मचाया धमाल

Summary :

Japan Open 2025  : टोक्यो में चल रहे जापान ओपन सुपर 750 बैडमिंटन टूर्नामेंट 2025 में भारत ने पहले ही दिन अपने दमदार खेल से शानदार शुरुआत की है। देश की टॉप मेन्स डबल्स जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी ने जहां सीधे गेम में जीत दर्ज कर दूसरे दौर में प्रवेश किया, वहीं युवा शटलर लक्ष्य सेन ने भी सिंगल्स में आत्मविश्वास से भरी जीत के साथ भारतीय खेमे को खुश कर दिया। विश्व रैंकिंग में 15वें स्थान पर मौजूद सात्विक और चिराग की जोड़ी ने कोरिया के कांग मिन ह्युक और किम डोंग जू की जोड़ी को महज…

Japan Open 2025  : टोक्यो में चल रहे जापान ओपन सुपर 750 बैडमिंटन टूर्नामेंट 2025 में भारत ने पहले ही दिन अपने दमदार खेल से शानदार शुरुआत की है। देश की टॉप मेन्स डबल्स जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी ने जहां सीधे गेम में जीत दर्ज कर दूसरे दौर में प्रवेश किया, वहीं युवा शटलर लक्ष्य सेन ने भी सिंगल्स में आत्मविश्वास से भरी जीत के साथ भारतीय खेमे को खुश कर दिया। विश्व रैंकिंग में 15वें स्थान पर मौजूद सात्विक और चिराग की जोड़ी ने कोरिया के कांग मिन ह्युक और किम डोंग जू की जोड़ी को महज 42 मिनट में 21-18, 21-10 से मात देकर अपनी श्रेष्ठता साबित की। पहले गेम में भले ही कोरियाई खिलाड़ियों ने कड़ी टक्कर दी, लेकिन सात्विक और चिराग ने धैर्य के साथ खेल को नियंत्रित किया और गेम को अपने नाम किया।

दूसरे गेम में उन्होंने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया और कोरियाई जोड़ी को कोई मौका नहीं दिया। एकतरफा अंदाज़ में 21-10 से दूसरा गेम जीतते हुए उन्होंने टूर्नामेंट के अगले दौर में जगह बना ली। भारत के युवा और प्रतिभाशाली शटलर लक्ष्य सेन ने भी अपने खेल से सभी को प्रभावित किया।हाल ही में खराब फॉर्म से जूझ रहे लक्ष्य ने चीन के वांग झेंग जिंग के खिलाफ जबरदस्त खेल दिखाते हुए 21-11, 21-18 से जीत दर्ज की। पहले गेम में उनका दबदबा साफ नजर आया, जबकि दूसरे गेम में उन्होंने कड़ी चुनौती के बीच संयम नहीं खोया और मुकाबला अपने नाम किया।

अब लक्ष्य सेन का मुकाबला जापान के सातवीं वरीयता प्राप्त खिलाड़ी कोडाई नाराओका से होगा। घरेलू दर्शकों के सामने खेल रहे नाराओका एक मजबूत प्रतिद्वंदी साबित हो सकते हैं, लेकिन लक्ष्य की मौजूदा लय भारतीय फैंस को उम्मीद देती है। जापान ओपन की शुरुआत भारत के लिए बेहद सकारात्मक रही है। सात्विक-चिराग की जोड़ी विश्व बैडमिंटन में पहले ही भारत की मजबूत पहचान बना चुकी है। अब लक्ष्य सेन जैसे युवा खिलाड़ी की लय में वापसी, भारत की सिंगल्स चुनौती को मजबूती देती है। इस प्रदर्शन से न सिर्फ टूर्नामेंट में भारत की स्थिति मजबूत हुई है, बल्कि भविष्य के मुकाबलों में भी बेहतर प्रदर्शन की उम्मीदें बढ़ गई हैं।

Juhi Singh