Iran Supreme Leader Big Update: मिडिल ईस्ट में अमेरिका और ईरान के बीच चल रही जंग को 5 दिन के लिए अस्थायी रोक लगा दी गई है। एक ओर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का दावा है कि दोनों देशों के बीच बातचीत शुरू हो चुकी है, जबकि दूसरी ओर ईरान इस बात से पूरी तरह इनकार कर रहा है। इसी बीच एक नई रिपोर्ट सामने आई है, जिसमें बताया गया है कि अमेरिका ईरान के एक प्रभावशाली नेता के जरिए अपने हित साधने की कोशिश कर रहा है।
Iran Supreme Leader Big Update: समझौते पर जारी है असमंजस
अमेरिका और ईरान के बीच लंबे समय से तनाव बना हुआ है। हाल के दिनों में यह खबर आई कि दोनों देशों के बीच बातचीत की शुरुआत हो गई है। हालांकि, ईरान ने इन दावों को खारिज करते हुए कहा है कि अमेरिका के साथ कोई औपचारिक या अनौपचारिक बातचीत नहीं हुई है। इससे यह साफ है कि दोनों देशों के बीच भरोसे की कमी अब भी बनी हुई है।
अमेरिका की नई रणनीति
रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिका अब सीधे बातचीत के बजाय ईरान के अंदर प्रभाव रखने वाले नेताओं के जरिए अपने मकसद को हासिल करना चाहता है। इसी रणनीति के तहत वह मोहम्मद बी गालिबफ को अपने पक्ष में लाने की कोशिश कर रहा है। माना जा रहा है कि अमेरिकी प्रशासन को उम्मीद है कि गालिबफ के जरिए ईरान के अंदर प्रभाव डाला जा सकता है।
कौन हैं मोहम्मद बी गालिबफ?
मोहम्मद बी गालिबफ ईरान के एक प्रमुख और सख्त रुख वाले नेता माने जाते हैं। फिलहाल वह ईरानी संसद के स्पीकर हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स से की थी, जहां उन्होंने एक सैनिक के रूप में काम किया और बाद में जनरल के पद तक पहुंचे। सेना से अलग होने के बाद वह तेहरान के मेयर भी बने।
राजनीतिक करियर और चुनावी सफर
गालिबफ ने दो बार ईरान के राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव लड़ा है। पहली बार 2013 में उन्होंने चुनाव लड़ा, लेकिन उस समय उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद 2024 के चुनाव में भी वह जीत हासिल नहीं कर सके। इसके बावजूद ईरान की राजनीति में उनका प्रभाव बना हुआ है।
क्यों अहम हैं गालिबफ?
अमेरिकी एजेंसियों का मानना है कि गालिबफ ऐसे नेता हैं जो ईरान के शीर्ष नेतृत्व पर प्रभाव डाल सकते हैं। कहा जाता है कि वह सुप्रीम लीडर के करीबी माने जाते हैं और उनके फैसलों को प्रभावित करने की क्षमता रखते हैं। यही कारण है कि अमेरिका उन्हें अपने पक्ष में करने की कोशिश कर रहा है।
सुप्रीम लीडर को लेकर चर्चा
कुछ रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया है कि अमेरिकी प्रशासन चाहता है कि भविष्य में ईरान के सर्वोच्च नेता के रूप में गालिबफ की भूमिका हो। हालांकि यह सिर्फ अटकलें हैं और इस पर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
गालिबफ का इनकार
जब मीडिया में अमेरिका और गालिबफ के बीच संपर्क की खबरें तेज हुईं, तो गालिबफ ने खुद सामने आकर इन दावों को खारिज कर दिया। उन्होंने सोशल मीडिया के जरिए कहा कि उनकी अमेरिका के साथ किसी तरह की बातचीत नहीं हुई है।
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