Rahul Gandhi Reacts on Noida Death: नोएडा में एक दर्दनाक हादसे ने पूरे देश का ध्यान खींच लिया है। सेक्टर-150 में पानी से भरे एक गहरे गड्ढे में कार गिरने से 27 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत हो गई। बताया गया कि यह गड्ढा एक निर्माणाधीन स्थल के पास था, लेकिन वहां कोई चेतावनी बोर्ड, बैरिकेड या सुरक्षा इंतजाम मौजूद नहीं थे। इस लापरवाही ने एक युवा की जान ले ली और अब यह मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है।
Noida Greater Noida News: मुख्यमंत्री योगी का सख्त रुख
इस घटना को गंभीरता से लेते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तत्काल कार्रवाई की। उन्होंने नोएडा प्राधिकरण के सीईओ लोकेश एम को उनके पद से हटा दिया और पूरे मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि SIT पांच दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपे। इसके साथ ही राज्यभर में सड़क सुरक्षा को लेकर विशेष अभियान चलाने के आदेश भी दिए गए हैं।

Rahul Gandhi Reacts on Noida Death: राहुल गांधी का सरकार पर हमला
इस हादसे को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी सरकार पर तीखा हमला बोला है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए उन्होंने कहा कि आज देश में सड़कों, पुलों, आग और प्रदूषण के कारण लोगों की जान जा रही है। उन्होंने इसे केवल हादसा नहीं, बल्कि व्यवस्था की विफलता बताया। राहुल गांधी के अनुसार भारत में शहरी व्यवस्थाओं के बिगड़ने की वजह पैसों या तकनीक की कमी नहीं, बल्कि जवाबदेही का अभाव है। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि सिस्टम में “कोई जवाबदेही नहीं” की सोच हावी हो गई है।

Greater Noida Software Engineer Death: GNIDA के तत्काल निर्देश
हादसे के बाद ग्रेटर नोएडा औद्योगिक विकास प्राधिकरण (GNIDA) भी हरकत में आया है। प्राधिकरण के सीईओ एन जी रवि कुमार ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि सड़कों पर मौजूद सभी गड्ढों की तुरंत पहचान कर उन्हें भरा जाए। इसके अलावा जहां भी दुर्घटना की आशंका है, उन स्थानों को तुरंत चिह्नित करने के आदेश दिए गए हैं।
तीन दिन में सुरक्षा इंतजाम
GNIDA ने कहा है कि सभी प्रमुख और आंतरिक सड़कों पर तीन दिनों के भीतर जरूरी सुरक्षा उपाय लागू किए जाएं। इसमें दिशा-सूचक बोर्ड, रिफ्लेक्टर, चेतावनी संकेत और बैरिकेड लगाना शामिल है। अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि निर्माणाधीन स्थलों के आसपास विशेष सतर्कता बरती जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।

अधिकारियों की समीक्षा बैठक
सीईओ के निर्देशों के बाद GNIDA ने एक ऑनलाइन समीक्षा बैठक भी की। इस बैठक में अतिरिक्त सीईओ श्रीलक्ष्मी वीएस और सुमित यादव, महाप्रबंधक ए के सिंह समेत सभी क्षेत्रीय अधिकारी शामिल हुए। बैठक में तय किया गया कि सभी सहायक और वरिष्ठ अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों का सर्वे करें और गड्ढों, खतरनाक मोड़ों तथा दुर्घटना संभावित स्थानों पर तुरंत सुधारात्मक कदम उठाएं।
जवाबदेही की जरूरत
नोएडा का यह हादसा केवल एक परिवार की त्रासदी नहीं है, बल्कि शहरी व्यवस्थाओं पर एक बड़ा सवाल है। प्रशासनिक कार्रवाई शुरू हो चुकी है, लेकिन आम लोगों की मांग है कि सिर्फ आदेश नहीं, बल्कि जमीन पर ठोस बदलाव नजर आने चाहिए, ताकि भविष्य में किसी और की जान इस तरह न जाए।
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