गुजरात के जूनागढ़ में फटा बादल, सड़कों पर आया सैलाब, खिलौनों की तरह बहीं गाड़ियां

Summary :

गुजरात में भारी बारिश के कारण कई इलाकों में बाढ़ की स्थिति है। वहीं, जूनागढ़ में बादल फटने की घटना सामने आई है। बादल फटने के बाद चारों तरफ पानी ही पानी नजर आ रहा है।

गुजरात में भारी बारिश के कारण कई इलाकों में बाढ़ की स्थिति है। वहीं, जूनागढ़ में बादल फटने की घटना सामने आई है। बादल फटने के बाद चारों तरफ पानी ही पानी नजर आ रहा है। देखते ही देखते शहर के कई इलाके बाढ़ जैसी त्रासदी का शिकार हो गये। 
तिनके की तरह बह गईं कारें-भैंसें , कई इलाके भारी बारिश के कारण बाढ़ जैसे हालात 
पानी का बहाव इतना तेज था कि सड़क पर चल रही गाड़ियां पानी के वेग से तिनके की तरह बहती नजर आईं। पानी के तेज वेग के साथ जानवर भी बह गये। गुजरात के साथ-साथ महाराष्ट्र के भी कई इलाके भारी बारिश के कारण बाढ़ जैसे हालात का सामना कर रहे हैं। मौसम विभाग ने पहले ही भारी बारिश को लेकर अलर्ट जारी कर दिया था।
मौसम विभाग ने पहले ही भारी बारिश को लेकर अलर्ट जारी
आपको बता दे कि लगातार हो रही मूसलाधार बारिश से अमरेली जिले सहित जूनागढ़ में बाढ़ की स्थिति बना गई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) और भारतीय राष्ट्रीय महासागर सूचना सेवा केंद्र (आईएनसीओआईएस) ने गुजरात के तट पर मछुआरों को 22 जुलाई से 26 जुलाई तक समुद्र में नहीं जाने की चेतावनी दी है।
प्रभावित इलाकों से करीब 300 लोगों को बचाया
आईएमडी की यह चेतावनी विशेष रूप से कच्छ के जखाऊ से सौराष्ट्र क्षेत्र के दीव तक फैले गुजरात तट तक के लिए है। अब तक मूसलाधार बारिश ने पहले ही सप्ताह में 3 लोगों की जान ले ली है। 2 लोगों की जान सुरेंद्रनगर जिले और एक व्यक्ति की जान राजकोट जिले में गई है। वही , प्रभावित इलाकों से करीब 300 लोगों को बचाया जा चुका है।
गुजरात के 206 जलाशयों में से 43 भारी प्रवाह के कारण हाई अलर्ट पर
प्रशासन ने राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) को हाई अलर्ट पर रखा है। इसके अलावा, गुजरात के 206 जलाशयों में से 43 भारी प्रवाह के कारण हाई अलर्ट पर हैं, 18 अन्य अलर्ट मोड पर हैं, और अतिरिक्त 19 जलाशयों के लिए चेतावनी जारी की गई है।

Shera Rajput