लखनऊ अग्निकांड में बिसवां के आदित्य की दर्दनाक मौत, पूरे नगर में पसरा मातम

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Lucknow Fire Incident News: लखनऊ के अलीगंज स्थित एक कोचिंग संस्थान में लगी भीषण आग ने कई परिवारों को गहरे दुख में झोंक दिया है। इस दर्दनाक हादसे में सीतापुर जिले के बिसवां नगर निवासी 24 वर्षीय आदित्य श्रीवास्तव की भी मौत हो गई। आदित्य उसी इमारत में नौकरी करता था, जहां आग लगी थी। उनकी अचानक हुई मौत से परिवार के साथ-साथ पूरे नगर में शोक का माहौल है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार,  जब आदित्य का पार्थिव शरीर बिसवां पहुंचा तो उनके घर पर अंतिम दर्शन के लिए लोगों की भारी भीड़ जुट गई। नगर और आसपास के गांवों…

Lucknow Fire Incident News: लखनऊ के अलीगंज स्थित एक कोचिंग संस्थान में लगी भीषण आग ने कई परिवारों को गहरे दुख में झोंक दिया है। इस दर्दनाक हादसे में सीतापुर जिले के बिसवां नगर निवासी 24 वर्षीय आदित्य श्रीवास्तव की भी मौत हो गई। आदित्य उसी इमारत में नौकरी करता था, जहां आग लगी थी। उनकी अचानक हुई मौत से परिवार के साथ-साथ पूरे नगर में शोक का माहौल है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार,  जब आदित्य का पार्थिव शरीर बिसवां पहुंचा तो उनके घर पर अंतिम दर्शन के लिए लोगों की भारी भीड़ जुट गई। नगर और आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोग उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे। घर का माहौल बेहद भावुक और दुखद था। परिवार के सदस्य रो-रोकर बेहाल थे। मां, बहनों और अन्य रिश्तेदारों की हालत देखकर वहां मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं।

परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

आदित्य के पिता आलोक श्रीवास्तव एक जाने-माने अधिवक्ता हैं। उनकी माता कल्पना श्रीवास्तव प्राथमिक विद्यालय में शिक्षामित्र के रूप में कार्यरत हैं। आदित्य अपने चार भाई-बहनों में दूसरे नंबर पर था।

उनकी बड़ी बहन मेधा श्रीवास्तव का विवाह बलरामपुर में हो चुका है। छोटी बहन निष्ठा श्रीवास्तव बीएससी की पढ़ाई कर रही हैं, जबकि सबसे छोटे भाई धैर्य श्रीवास्तव अभी छात्र हैं। परिवार ने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि उनका होनहार बेटा इतनी कम उम्र में उन्हें छोड़कर चला जाएगा।

पिता ने की निष्पक्ष जांच की मांग

अपने बेटे को खोने के बाद शोक में डूबे पिता आलोक श्रीवास्तव ने सरकार से आर्थिक सहायता की बजाय न्याय की मांग की है। उन्होंने कहा कि कोई भी आर्थिक मदद उनके बेटे को वापस नहीं ला सकती।

उन्होंने प्रशासन से मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष और गहन जांच कराई जाए। साथ ही इस हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी और परिवार को ऐसी त्रासदी का सामना न करना पड़े।

नेताओं और अधिकारियों ने जताई संवेदना

आदित्य की मौत की खबर फैलते ही शोक व्यक्त करने वालों का तांता लग गया। क्षेत्र के जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, अधिवक्ता, शिक्षक, समाजसेवी और बड़ी संख्या में नागरिक उनके घर पहुंचे। सभी ने शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया और दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। लोगों ने कहा कि यह हादसा बेहद दुखद है और इसकी सच्चाई सामने आनी चाहिए।

पूरे बिसवां नगर में शोक

आदित्य के निधन से पूरा बिसवां नगर गहरे सदमे में है। एक मेहनती, प्रतिभाशाली और सपने देखने वाले युवा का इस तरह दुनिया से चले जाना सभी को दुखी कर गया है। नगरवासियों ने घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। सभी लोगों ने ईश्वर से प्रार्थना की कि दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें और परिवार को इस कठिन समय में दुख सहने की शक्ति दें।

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Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।