अक्सर देखा गया है कि लोगों को जब भी सर्दी-जुकाम होता है तो वह सबसे पहले काढ़ा पीते हैं। दरअसल कई आयुर्वेदिक पदार्थ काढ़े में होते हैं जो रोग प्रतिरोधक क्षमता शरीर की बढ़ाने में मदद करते हैं। कई मौसमी बीमारियों से भी आप अपने आपको काढ़े से बचा सकते हैं। खासतौर पर सर्दी-जुकाम और बुखार में काढ़े को पीकर दूर कर सकते हैं। साथ ही इम्यून सिस्टम को भी आप इन काढ़ा से मजबूत कर सकते हैं।

लौंग-तुलसी का काढ़ा

सेहत के लिए बेहद फायदेमंद लौंग-तुलसी का काढ़ा होता है। ब्रोंकाइटिस और जोड़ांे के दर्द से भी राहत इसका सेवन करने से राहत मिलती है। सबसे पहले धीमी आंच पर इसे बनाने के लिए दो ग्लास पानी में 15 से 20 तुलसी की पत्तियों को उबाल लें। उसके अंदर 4 से 5 लौंग डाल दें। काढ़े का पानी जब कम रह जाए तो काला नमक डालकर उसे पी लें।
तुलसी, अदरक और काली मिर्च का काढ़ा

नाक और सांस लेने की नली अक्सर जुकाम होने से बंद हो जाती है। तुलसी, अदरक और काली मिर्च का काढ़ा ऐसे में बहुत फायदेमंद होता है। गले की खरास इसके पीने से दूर हो जाती है। दो ग्लास पानी में तुलसी की पत्तियां, कद्दूकस करके अदरक और काली मिर्च इसे बनाने में इस्तेमाल कर लें। उसके बाद एक ग्लास में छान थोड़ी देर में डाल लें और उसका सेवन करें।
इलायची और शहद का काढ़ा

सर्दी-जुकाम के साथ इलायची और शहद का काढ़ा दिल की बीमारी के लिए बहुत अच्छा होता है। दो कप पानी इसे बनाने के लिए धीमी आंच पर रख दें और उसमें आधा चम्मच इलायची पाउडर मिलाकर उसे उबाल लें।


Download Android App
Download iOS App



