मिडिल ईस्ट देशों के लिए CBSE का बड़ा फैसला, 12वीं के रिजल्ट के लिए अल्टरनेटिव असेसमेंट स्कीम, नोटिफिकेशन जारी

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Middle East CBSE 12th Results: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने पश्चिमी एशियाई देशों में 12वीं की परीक्षा परिणाम को लेकर एक जरुरी नोटिफिकेशन जारी किया है। बोर्ड ने इस नोटिफिकेशन में मिडिल ईस्ट देश में 12वीं के रिजल्ट घोषित करने के लिए एक अल्टरनेटिव असेसमेंट स्कीम बताई है। बोर्ड का यह नोटिफिकेशन बहरीन, ईरान, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब और यूएई के लिए जारी किया गया है। कैसे तय होंगे नंबर? यहां बता दें कि बोर्ड ने वेस्ट एशिया में युद्ध के कारण 12वीं कक्षा के बोर्ड एग्जाम रद्द कर दिए थे, जिसके बाद 12वीं के रिजल्ट को लेकर…

Middle East CBSE 12th Results: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने पश्चिमी एशियाई देशों में 12वीं की परीक्षा परिणाम को लेकर एक जरुरी नोटिफिकेशन जारी किया है। बोर्ड ने इस नोटिफिकेशन में मिडिल ईस्ट देश में 12वीं के रिजल्ट घोषित करने के लिए एक अल्टरनेटिव असेसमेंट स्कीम बताई है। बोर्ड का यह नोटिफिकेशन बहरीन, ईरान, कुवैत, ओमान, कतर, सऊदी अरब और यूएई के लिए जारी किया गया है।

कैसे तय होंगे नंबर?

यहां बता दें कि बोर्ड ने वेस्ट एशिया में युद्ध के कारण 12वीं कक्षा के बोर्ड एग्जाम रद्द कर दिए थे, जिसके बाद 12वीं के रिजल्ट को लेकर छात्रों के मन में यह सवाल था कि आखिर अब रिजल्ट कैसे जारी किया जाएगा। बोर्ड ने छात्रों की इस समस्या को सुलझाते हुए एक अल्टरनेटिव असेसमेंट स्कीम जारी की है। सीबीएसई ने कहा है कि जिन विषयों के एग्जाम हो चुके हैं, उनका परीक्षा परिणाम जारी करने के लिए छात्रों का असली परफॉर्मेंस ही ध्यान में रखा जाएगा लेकिन जिन विषयों के पेपर नहीं हुए थे, उसके लिए अलग स्कीम होगी।
सीबीएसई ने इस अल्टरनेटिव असेसमेंट स्कीम को जारी करते हुए कहा है कि अभी के हालात में छात्रों के लिए परीक्षा को कराना संभव नहीं था और ऐसे में एक फेयर रिजल्ट तैयार करके घोषित करना एक मुश्किल काम है। इस अंदाजे के तरीके से मिले कोई भी रिजल्ट असली परीक्षा से मिले रिजल्ट से पूरी तरह मेल नहीं खा सकते। फिर भी असेसमेंट पॉलिसी को सभी छात्रों के लिए फेयरनेस, भरोसेमंद,वैध निष्पक्ष और पारदर्शिता के सिद्धांतों को बनाए रखना चाहिए। यह प्रक्रिया के हिसाब से भी सही होनी चाहिए जिसमें छात्रों के प्रदर्शन के बारे में काफी भरोसेमंद जानकारी हो तभी पॉलिसी हर छात्र की कामयाबी के बारे में ऑब्जेक्टिव और सटीक नतीजे निकल पाएगी।

बिना परीक्षा वाले विषयों के लिए अलग फॉर्मूला

बोर्ड ने आगे कहा कि जिन विषयों के एग्जाम हो चुके हैं, उनके रिजल्ट घोषित करने के लिए एग्जाम में असली प्रदर्शन परफॉर्मेंस को ध्यान में रखा जा सकता है। वहीं जिन विषयों के एग्जाम नहीं हुए हैं उनके लिए भरोसेमंद और सही स्कीम बनाने के लिए एग्जाम होने या ना होने के आधार पर अलग-अलग मामलों को देखना जरूरी है। छात्रों के डाटा की स्टडी करके ये निष्कर्ष निकाले गए हैं। बोर्ड ने बताया कि वे छात्र जो सभी रजिस्टर्ड सब्जेक्ट में शामिल हुए थे, ऐसे छात्रों का रिजल्ट एग्जाम में उनकी परफॉर्मेंस के आधार पर घोषित किया गया क्योंकि उनके अपने सभी रजिस्टर सब्जेक्ट में हिस्सा लिया था।

Khushi Srivastava

खुशी श्रीवास्तव मीडिया इंडस्ट्री में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। वायरल कंटेंट, लाइफस्टाइल, हेल्थ और वास्तु शास्त्र टिप्स पर प्रमुखता से काम किया है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई के बाद पहली बार पत्रकारिता के श्रेत्र में कदम रखा। इसके बाद अमर उजाला प्रिंट (प्रयागराज) में इंटर्नशिप की। फिलहाल खुशी, पंजाब केसरी दिल्ली के डिजिटल प्लैटफॉर्म के लिए कंटेंट राइटिंग का काम करती हैं।