तुगलकाबाद अग्निकांड मामले में पुलिस ने नाबालिग समेत चार आरोपियों को पकड़ा, पैसों के विवाद में स्कूटी में लगाई थी आग

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Tughlakabad Extension Fire : साउथ ईस्ट डिस्ट्रिक्ट के गोविंदपुरी स्थित तुगलकाबाद एक्सटेंशन में भीषण अग्निकांड की जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। शुरुआती तौर पर हादसा मानी जा रही यह घटना अब सुनियोजित आगजनी की साजिश साबित हुई है। पुलिस ने मामले में 17 वर्षीय एक नाबालिग लड़की समेत चार आरोपियों को पकड़ लिया है। आरोप है कि पैसों के विवाद और व्यक्तिगत रंजिश के चलते एक व्यक्ति की स्कूटी में आग लगवाई गई, जिसके बाद आग पूरी पांच मंजिला इमारत में फैल गई और तीन लोगों की जान चली गई। DCP डॉ. हेमंत तिवारी के अनुसार, शुक्रवार की…

Tughlakabad Extension Fire : साउथ ईस्ट डिस्ट्रिक्ट के गोविंदपुरी स्थित तुगलकाबाद एक्सटेंशन में भीषण अग्निकांड की जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। शुरुआती तौर पर हादसा मानी जा रही यह घटना अब सुनियोजित आगजनी की साजिश साबित हुई है। पुलिस ने मामले में 17 वर्षीय एक नाबालिग लड़की समेत चार आरोपियों को पकड़ लिया है। 

आरोप है कि पैसों के विवाद और व्यक्तिगत रंजिश के चलते एक व्यक्ति की स्कूटी में आग लगवाई गई, जिसके बाद आग पूरी पांच मंजिला इमारत में फैल गई और तीन लोगों की जान चली गई। DCP डॉ. हेमंत तिवारी के अनुसार, शुक्रवार की रात करीब 2:24 बजे तुगलकाबाद एक्सटेंशन स्थित आरजेड-171/1, गली नंबर-1 की एक पांच मंजिला इमारत में आग लगने की सूचना मिली थी। आग ग्राउंड फ्लोर की पार्किंग में खड़ी एक स्कूटी से शुरू हुई थी। देखते ही देखते धुआं और लपटें पूरी इमारत में फैल गईं। 

हादसे में आठ लोग गंभीर रूप से घायल हुए, जिन्हें तत्काल एम्स ट्रॉमा सेंटर और सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के दौरान पंकज, सुशीला देवी और सोनी नामक तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि अन्य घायलों का उपचार जारी है। घटना के बाद पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 287 और 106(1) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। 

जांच के दौरान पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में आग लगने से कुछ समय पहले एक महिला को संदिग्ध परिस्थितियों में इमारत में प्रवेश करते देखा गया। इसके बाद पुलिस का संदेह आगजनी की ओर गया और जांच का दायरा बढ़ाया गया।

दीपक के बीच पैसों के लेन-देन को लेकर हुआ था विवाद

छानबीन के दौरान पुलिस ने सबसे पहले 17 वर्षीय एक नाबालिग लड़की को हिरासत में लिया। पूछताछ में उसने खुलासा किया कि गिरीनगर निवासी सरिता (27) ने उसे पेट्रोल और माचिस उपलब्ध कराई थी तथा पांचवीं मंजिल पर रहने वाले दीपक की स्कूटी में आग लगाने के लिए उकसाया था। जांच में सामने आया कि सरिता और दीपक के बीच पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद चल रहा था। पुलिस के मुताबिक, आगे की पूछताछ में सरिता ने बताया कि पूरी साजिश नवजीवन कैंप निवासी निरंजन (33) और उसके भाई राजकुमार (27) ने व्यक्तिगत रंजिश के चलते रची थी।

आरोपियों की योजना केवल स्कूटी को नुकसान पहुंचाने की थी, लेकिन आग ने विकराल रूप ले लिया और पूरा भवन उसकी चपेट में आ गया। मामले में अब बीएनएस की धारा 61 (आपराधिक साजिश), 105 (गैर-इरादतन हत्या), 110 (गैर-इरादतन हत्या की कोशिश), 326(जी) (आग से नुकसान पहुंचाना) और 331(4) (रात में छिपकर घर में घुसना) भी जोड़ दी गई हैं। पुलिस ने नाबालिग सहित चारों आरोपियों को पकड़ लिया है। DCP ने बताया कि मामले की विस्तृत जांच जारी है और अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।

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Avinay