लुधियाना- लोईयां : पंजाब और केंद्र सरकार की किसान विरोधी नीतियों और पराली को आग लगाने वाले किसानों के विरूद्ध दर्ज किए जा रहे मुकदमों के विरोध में आज सूबे भर में विभिन्न किसान संगठनों द्वारा अलग-अलग स्थानेां से रेल रेाक कर अंादोलन किया गया। इसी आंदोलन की खबरें अलग-अलग जिलों से प्राप्त हुई।
किसानों ने रेलवे स्टेशनों और रेलवे ट्रैकों पर रोष प्रदर्शन करते हुए धरना लगाया, जिस कारण जहां रेल यात्रियों को भारी समस्याओं का सामना करना पड़ा वही रेलवे को भी कई गुना नुकसान होने का अनुमान है। इस अवसर पर किसान नेताओं ने सरकारों को चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर उन्हें न्याय ना मिला तो अगले संघर्ष के लिए अलग से रूपरेखा बनाई जाएंगी। ट्रेनें विभिन्न स्थानों पर रोकनी पड़ी। कई ट्रेनों का मार्ग बदलना पड़ा।
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जालंधर के कस्बा लोईयां में किसान मजदूर संघर्ष कमेटी द्वारा रेलवे पटरी पर बैठकर किसानों द्वारा रेलगाडिय़ों को रोक लिया गया। इस अवसर पर किसानों द्वारा यह मांग की जा रही है कि फसलों के बनते-भाव और डॉक्टर स्वामी नाथन कमीशन की रिपोर्ट के मुताबिक दिए जाएं। सीमावर्ती जिले फिरोजपुर के गांव मल्लावालां और बूटेवाला समेत जोक टहल सिंह में भी रेलवे ट्रैक पर धरना दिया गया। इस दौरान फिरोजपुर से जालंधर और फिरोजपुर से फाजिलका के मध्य चलने वाली ट्रेने ठप्प होकर रह गई। किसान नेताओं की मांग है कि उनकी समस्याओं को पहल के आधार पर हल किया जाएं और उन्हें उचित मूल्य प्रदान किए जाएं।
किसानों ने पराली संभालने के लिए 200 रुपये प्रति क्विंटल देने, धान की खरीद पर बोनस देने, कर्ज माफी और स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट अनुसार फसलों के भाव देने की मांग को लेकर जिले में दो स्थानों बूटेवाला और झोक टहल सिंह के पास रेल पटरियों पर धरना दे दिया। किसान मजदूर संघर्ष कमेटी पंजाब ने इन मांगोंं को लेकर राज्यव्यापी आंदोलन का आह्वान किया था।
रेल ट्रैक जाम होने से ट्रेनें प्रभावित हुईं। किसानों ने योजना बनाकर पुलिस को चकमा दिया और रेलवे ट्रैक पर पहुंच गए। टैकांवाली बस्ती रेलवे सुरक्षा बल, जीआरपी और पंजाब पुलिस ने घेरा बनाकर किसानों को रेलवे लाइनों के पास नहीं फटकने देने की योजना बनाई। किसानों ने चकमा देते हुए जिले में फिरोजपुर जालंधर रेलवे लाइन पर बूटेवाला रेलवे स्टेशन और फिरोजपुर फाजिल्का रेल लाइन पर झोक टहल सिंह रेलवे स्टेशन पर पटरियों पर धरना शुरू कर दिया। इसके बाद टैकांवाली बस्ती रेलवे क्रॉसिंग पर किसानों के न आने की संभावना के चलते घेरा हटा लिया गया।
इससे पहले रेलवे सुरक्षा बल और जीआरपी को इंटेलीजेंस से इनपुट मिला था कि किसान टैकांवाली बस्ती क्रॉसिंग के पास रेलवे पटरियों पर धरना लगा सकते हैं। चूंकि यहां फिरोजपुर से बठिंडा, जालंधर और लुधियाना की तरफ रेलों का आवागमन होता है। यहां जाम लगाने से रेलवे के फिरोजपुर मंडल की अधिकतर रेलों का आवागमन बाधित होता है।
इसी वजह से टैकांवाली बस्ती फाटक के समीप निर्माणाधीन आरयूबी के समीप पुलिस बल तैनात किया गया। किसान मजदूर संघर्ष कमेटी ने दोपहर तक अपनी प्लानिंग नहीं बताई कि धरना कहां दिया जाएगा। दोपहर एक बजे अचानक की बूटेवाला और झोक टहल सिंह में स्टेशनों पर रेलवे पटरियों पर धरना देकर विरोध प्रदर्शन शुरु कर दिया।


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