देश में कोरोना वायरस का कहर अभी स्थिर बना हुआ है और संक्रमण के नए मामलों में अधिक बढ़ोतरी दर्ज नही हो रही है। दूसरी तरफ देश में कोरोना वायरस की तीसरी लहर आने की भी पूरी-पूरी आशंका बनी हुई है, ऐसे में लोगों के द्वारा मामूली सी लापरवाही बहुत भारी पड़ सकती है।
इस बात को ध्यान में रखते हुए सरकार ने टीकाकरण और कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालन करने पर शुक्रवार को जोर देते हुए कहा कि महामारी की दूसरी लहर अभी खत्म नहीं हुई है, इसलिए लापरवाही नहीं बरतें। महामारी की स्थिति पर संवाददाता सम्मेलन में एक अधिकारी ने कहा कि लोग अपने सुरक्षा उपायों को कम नहीं कर सकते और न ही करना चाहिए।
सरकार ने कहा कि देश के 71 जिलों में 23 से 29 जून के सप्ताह में कोविड-19 की संक्रमण दर 10 प्रतिशत से अधिक थी। साथ ही कहा कि महामारी की दूसरी लहर अभी खत्म नहीं हुई है। सरकार ने कहा कि देश में 21 जून से औसतन 50 लाख लोगों को टीके की रोज खुराक दी जा रही है जो कि दैनिक तौर पर नार्वे की समूची आबादी के टीकाकरण के समान है।
सरकार ने कहा कि 16 जनवरी को अभियान शुरू होने के बाद से अब तक 34 करोड़ लोगों – अमेरिका की पूरी आबादी के बराबर, को कोविड-19 टीके की कम से कम एक खुराक दी जा चुकी है। उसने कहा कि देश में करीब 80 प्रतिशत स्वास्थ्यकर्मी, अग्रिम मोर्चे के 90 प्रतिशत कर्मी कोविड-19 रोधी टीके की दोनों खुराकें ले चुके हैं।
भारत में शुक्रवार को एक दिन में कोविड-19 के 46,617 नए मामले सामने आने के बाद देश में संक्रमितों की संख्या बढ़कर 3,04,58,251 हो गई। वहीं, मरीजों के ठीक होने की राष्ट्रीय दर 97 प्रतिशत के पार चली गई है। केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से शुक्रवार को जारी आंकड़ों के अनुसार देश में संक्रमण से 853 और लोगों की मौत के बाद, इस वैश्विक महामारी की वजह से जान गंवाने वालों की संख्या बढ़कर 4,00,312 हो गई है।


Download Android App
Download iOS App



