नेपाल को मिल गया अपना नया प्रमुख, सुशीला कार्की ने ली अंतरिम PM के रूप में शपथ

Sushila Karki Took Oath

Sushila Karki Took Oath: नेपाल में हाल ही में Gen-Z युवाओं के नेतृत्व में हिंसक विरोध-प्रदर्शन हुए, जिनके चलते देश में गंभीर राजनीतिक संकट पैदा हो गया। इस बीच नेपाल को अपना नया प्रमुख मिल गया है। सुशीला कार्की ने अंतरिम पीएम के रूप में शपथ ले ली है।

Sushila Karki Took Oath: ये लोग रहे मौजूद

सुशीला कार्की के शपथग्रहण समारोह में उपराष्ट्रपति रामसहाय यादव, प्रधान न्यायाधीश प्रकाश सिंह रावत मौजूद रहे. इसके अलावा, देश के  पूर्व प्रधानमंत्री डॉ बाबूराम भट्टराई, प्रधान सेनापति जनरल अशोक राज सिग्देल, मुख्य सचिव एकनारायण अर्याल और काठमांडू के मेयर बालेन शाह भी मौजूद रहे।

Sushila Karki Took Oath
Sushila Karki Took Oath

Sushila Karki Oath News: नेपाल में 6 महीने में होंगे आम चुनाव!

बता दें, कि सुशीला सरकार की तरफ से 4 मार्च को देश में आम चुनाव कराने का प्रस्ताव दिया गया है. पहली कैबिनेट बैठक का एजेंडा चुनाव की घोषणा है. मतलब 6 महीने में आम चुनाव कराने की घोषणा होगी.

Sushila Karki News: जानें कौन हैं सुशीला कार्की

सुशीला कार्की बीते वर्षों में सरकार विरोधी आंदोलनों की एक प्रमुख आवाज रही हैं। अपने मुख्य न्यायाधीश कार्यकाल के दौरान उन्होंने भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़े फैसले लिए, जिससे वह युवाओं के बीच खासा लोकप्रिय हो गईं। उन्होंने न सिर्फ न्यायपालिका में पारदर्शिता की मिसाल पेश की, बल्कि सत्ता के दुरुपयोग के खिलाफ भी मजबूती से खड़ी रहीं।

Sushila Karki Took Oath
Sushila Karki Took Oath

Nepal Prime Minister: पहली महिला चीफ जस्टिस भी रहीं सुशीला कार्की

73 वर्षीय सुशीला कार्की नेपाल की पहली महिला चीफ जस्टिस भी रह चुकी हैं। उनका जन्म 7 जून 1952 को बिराटनगर में हुआ था। उन्होंने 1972 में महेंद्र मोरांग कैंपस से बीए किया, फिर 1975 में बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी से राजनीति विज्ञान में एमए किया। इसके बाद 1978 में त्रिभुवन यूनिवर्सिटी से कानून की डिग्री ली और 1979 से वकालत शुरू की।

Sushila Karki Took Oath
Sushila Karki Took Oath

केपी शर्मा ओली को देना पड़ा इस्तीफा

प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली को 8 और 9 सितंबर को देशभर में हुए हिंसक प्रदर्शनों के बाद अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा। ये प्रदर्शन मुख्य रूप से Gen-Z युवाओं द्वारा किए गए थे। वे भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद और सोशल मीडिया पर लगाए गए प्रतिबंधों का विरोध कर रहे थे। Gen-Z प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि मौजूदा संसद को भंग किया जाए और राष्ट्रीय चुनावों तक एक अंतरिम सरकार बनाई जाए। इन मांगों पर राष्ट्रपति राम चंद्र पौडेल ने सेना प्रमुख से सलाह-मशविरा करने के बाद सहमति जताई।

Sushila Karki Took Oath
Sushila Karki Took Oath

नेपाल में हिंसक प्रदर्शन में 51 लोगों की मौत

नेपाल में हाल ही में हुए एक बड़े विरोध प्रदर्शन के दौरान हिंसा में कम से कम 51 लोगों की जान चली गई। मरने वालों में एक भारतीय नागरिक भी शामिल है। यह प्रदर्शन मुख्य रूप से जेनरेशन जेड (Gen Z) यानी 1997 से 2012 के बीच जन्मे युवाओं द्वारा किया गया। बता दें कि सरकार द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर प्रतिबंध लगाए जाने के बाद युवाओं में नाराजगी फैल गई। उनका कहना था कि सरकार इस पाबंदी के ज़रिए देश में तानाशाही थोपना चाहती है और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को खत्म कर रही है। युवाओं के बड़े स्तर पर विरोध के बाद नेपाल की ओली सरकार को पीछे हटना पड़ा। सरकार ने सोशल मीडिया पर लगाया गया प्रतिबंध हटा लिया। इस दबाव के चलते प्रधानमंत्री ओली को अपना इस्तीफा भी देना पड़ा।

यह भी पढ़ें: Nepal Gen Z Protest: कौन हैं कुमारी देवी माता? कर्फ्यू में ढील मिलते ही मंदिर में लगा भक्तों का तांता

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *


Make Punjab Kesari Your Trusted News Source

Related Posts

पंजाब केसरी एक हिंदी भाषा का समाचार पत्र है जो भारत में पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली के कई केंद्रों से प्रकाशित होता है।