Aaj Ka Panchang 11 July 2026: 11 जुलाई 2026, शनिवार को आषाढ़ माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार एकादशी भगवान विष्णु की आराधना के लिए अत्यंत शुभ मानी जाती है। इस दिन व्रत, पूजा-पाठ, मंत्र जाप और दान-पुण्य का विशेष महत्व बताया गया है। आज कृत्तिका नक्षत्र और शूल योग का प्रभाव रहेगा। वहीं चंद्रमा मेष राशि में गोचर करेंगे, जिसके स्वामी मंगल ग्रह हैं। आइए जानते हैं 11 जुलाई 2026 का संपूर्ण पंचांग, शुभ मुहूर्त, राहुकाल और आज का धार्मिक महत्व।
आज का पंचांग – Aaj Ka Panchang 11 July 2026
विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थी)
शक संवत: 1948 (पराभव)
पूर्णिमांत मास: आषाढ़
अमांत मास: ज्येष्ठ
वार: शनिवार
तिथि
कृष्ण पक्ष एकादशी – प्रातः 05:22 बजे तक।
इसके बाद कृष्ण पक्ष द्वादशी तिथि का आरंभ होगा।
नक्षत्र
कृत्तिका नक्षत्र का प्रभाव रहेगा।
इसके पश्चात निर्धारित समय पर रोहिणी नक्षत्र प्रारंभ होगा।
योग
शूल योग का संयोग रहेगा। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार इस योग में शुभ कार्यों से पहले उचित मुहूर्त का विचार करना लाभकारी माना जाता है।
सूर्य और चंद्रमा का समय
सूर्योदय: प्रातः 05:31 बजे
सूर्यास्त: सायं 07:22 बजे
चंद्रोदय: प्रातः 01:53 बजे
चंद्रास्त: दोपहर 03:10 बजे
अशुभ मुहूर्त
आज किसी भी महत्वपूर्ण कार्य की शुरुआत करते समय निम्न अशुभ समय का ध्यान रखें।
राहुकाल: प्रातः 08:58 बजे से 10:42 बजे तक
यमगण्ड: दोपहर 02:10 बजे से 03:54 बजे तक
गुलिक काल: प्रातः 05:31 बजे से 07:15 बजे तक
शुभ मुहूर्त
धार्मिक अनुष्ठान, पूजा-पाठ, गृह प्रवेश, नए कार्यों की शुरुआत और मांगलिक कार्यों के लिए आज का शुभ समय इस प्रकार है—
अभिजीत मुहूर्त: प्रातः 11:59 बजे से दोपहर 12:54 बजे तक
ब्रह्म मुहूर्त: प्रातः 04:09 बजे से 04:50 बजे तक
आज का धार्मिक महत्व
आषाढ़ कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त करने के लिए अत्यंत पुण्यदायी मानी जाती है। इस दिन श्रद्धालु व्रत रखकर श्रीहरि विष्णु का पूजन करते हैं और मंत्र जाप, भजन-कीर्तन तथा दान-पुण्य जैसे धार्मिक कार्य करते हैं। मान्यता है कि एकादशी व्रत करने से पापों का नाश होता है और जीवन में सुख-समृद्धि का आगमन होता है।
वहीं मेष राशि में चंद्रमा का गोचर साहस, आत्मविश्वास और नई योजनाओं पर कार्य करने की प्रेरणा देता है। यदि आप किसी नए कार्य की शुरुआत करना चाहते हैं तो राहुकाल से बचते हुए अभिजीत मुहूर्त का चयन करना अधिक शुभ माना जाता है।























