मणिपुर में फिर बवाल, रॉकेट लोंचर धमाके में 2 बच्चों की मौत के बाद तनाव, देर शाम मशाल लिए हजारों लोग सड़कों पर उतरे

Huge Protest in Imphal

Huge Protest in Imphal : मणिपुर में 2 बच्चों की रॉकेट लोंचर में मौत का मामला राज्य में बड़े विरोध का कारण बनता जा रहा है। यह मामला मंगलवार को बिश्नुपुर का है जब यह धमाका हुआ। इस घटना के चलते गुरुवार देश शाम मणिपुर में हजारों लोगों का विरोध प्रदर्शन शुरू हुआ।

यह विरोध तब उग्र हो गया जब इम्फाल वेस जिले में रोक के आदेशों को नजरअंदाज करते हुए इलाके में जुलूस निकाला, और तनाव पसर गया। मामला इतना बढ़ गया कि प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षाकर्मियों की तीन गाड़ियों को रोक लिया।

चिंगमाथक इलाके में निकला मार्च

मार्च करीब 7 बजे सिंग्जामेई इलाके से निकला। इस दौरान आन्दोलनकारियों के हाथों में मशालें थीं और वे आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहे थे। करीब 2 किलीमीटर का यह मार्च आखिरकार चिंगमाथक इलाके तक पहुंचा, जो मुख्यमंत्री आवास के नजदीक है। अधिकारियों के अनुसार, इस दौरान मौके पर तैनात सुरक्षा बलों ने प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोका। मामला हीट हुआ और दोनों पक्ष आमने सामने आ गए।

आन्दोलन में लोगों ने कुछ मांग उठाई, जिसमें पहली मांग थी कि बम धमाके के जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई हो। वहीं राज्य में शान्ति बहाल करने की मांग उठाई गई।

इस दौरान तनाव फैला तो स्थिति संभालने के लिए सुरक्षाबलों ने आन्दोलनकारियों पर आंसू गैस के गोले दागे। दूसरी तरफ से पत्थरबाजी होने की खबर सामने है। बता दें इस झड़प में कई लोग घायल हुए हैं, जिनमें से कम से कम पांच लोगों को सांस लेने में दिक्कत और हल्की चोटों के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया।

असामाजिक तत्वों के शामिल होने का आरोप

आन्दोलन में तनाव बढ़ने से झड़प देखने को मिली, जिसके बाद उपद्रव भी देखने में आया। इस मामले को लेकर अधिकारियों ने कहा कि कुछ असामाजिक तत्व मौजूदा हालात का फायदा उठाकर सरकार और सुरक्षा बलों के खिलाफ माहौल बनाने की कोशिश कर रहे हैं।

गौरतलब है कि बच्चों की मौत के बाद इलाके में अव्यवस्था की हालत बनी हुई है। राज्य में कठोर नियम लागू हैं। शाम 5 बजे से सुबह 5 बजे तक आवाजाही पर पाबंदी लागू है। हालांकि कठोर नियमों के बावजूद राज्य में विरोध प्रदर्शन हुआ है।

यह भी पढ़ें ‘कलावा-बिंदी नहीं, हिजाब चलेगा…’, नासिक TCS विवाद के बीच Lenskart के वर्क कल्चर पर छिड़ी नई बहस, जानें पूरा मामला

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *


Make Punjab Kesari Your Trusted News Source

पंजाब केसरी एक हिंदी भाषा का समाचार पत्र है जो भारत में पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और दिल्ली के कई केंद्रों से प्रकाशित होता है।