कांग्रेस की ‘भारत जोड़ो यात्रा’ शनिवार को बूंदी के एक गांव में दोपहर के भोजन के लिए रुकी, जहां राहुल गांधी ने राजस्थान सरकार की ‘मुख्यमंत्री अनुप्रति योजना’ के तहत आईआईटी-नीट की मुफ्त कोचिंग ले रहे 30 से अधिक छात्रों से बातचीत की।
अर्नेटा में लगभग 45 मिनट के संवाद सत्र में पिछड़े और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए लक्षित योजना के तहत कोटा शहर के तीन अलग-अलग कोचिंग संस्थानों में नामांकित 33 छात्रों की भागीदारी देखी गई। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, कांग्रेस नेता जयराम रमेश और प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीसीसी) प्रमुख गोविंद सिंह डोटासरा भी मौजूद थे।
नीट की तैयारी कर रहे सवाई माधोपुर जिले के दुर्गेश वैष्णव ने गांधी को बताया कि खंडार तहसील में उनके पैतृक गांव सुमनपुरा में माध्यमिक स्तर का सिर्फ एक सरकारी स्कूल है और वहां की ज्यादातर लड़कियां इसके कारण आगे की पढ़ाई करने में असमर्थ हैं।
गांधी के साथ अपनी बातचीत पर वैष्णव ने बाद में कहा, ‘‘मेरी चिंताओं को सुनने के बाद राहुल-जी ने मुख्यमंत्री गहलोत की ओर देखा, जिन्होंने माध्यमिक स्तर के स्कूल को तुरंत वरिष्ठ माध्यमिक में अपग्रेड करने का आश्वासन दिया।’’
उन्होंने कहा कि यह उनके क्षेत्र की लड़कियों के लिए एक राहत के रूप में आएगा और वह गांधी की तत्काल सकारात्मक प्रतिक्रिया से खुश हैं।
छात्र ने कहा, ‘‘राहुल जी इतने सरल और विनम्र हैं कि मुझे नहीं लगा कि मैं इतनी बड़ी शख्सियत से बात नहीं कर रहा हूं।’’
आईआईटी की तैयारी कर रही ग्यारहवीं कक्षा की छात्रा खुशी मेघवाल ने कहा, ‘‘जब मैंने राहुल गांधी को ताइक्वांडो के प्रति अपने जुनून के बारे में बताया, तो उन्होंने कहा कि वह खुद एक मार्शल आर्टिस्ट हैं।’’ उन्होंने यह भी कहा कि वह पास की ताइक्वांडो अकादमी में मेरा नामांकन सुनिश्चित करेंगे।
मेघवाल ने कहा कि विभिन्न सरकारी छात्रवृत्ति परीक्षाओं को रद्द करने के बारे में उनकी चिंताओं पर राहुल गांधी ने इसकी जांच का आश्वासन दिया।
जिस कोचिंग संस्थान में छात्र पढ़ रहे हैं, उसके एक संकाय सदस्य ने कहा, ‘‘छात्रों को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि देश में शिक्षा प्रणाली वास्तव में एक चयन प्रणाली है।’’ संकाय सदस्य ने कहा, ‘‘गांधी ने कहा कि शिक्षा प्रश्न पूछना सिखाती है, लेकिन मौजूदा प्रणाली सिखाती है कि परीक्षा में कैसे चयनित हुआ जाए।’’


Download Android App
Download iOS App



