पुर्तगाल में बुर्के पर लगा प्रतिबंध, कानून उल्लंघन पर 150 से 3,000 यूरो तक का जुर्माना

Summary :

पुर्तगाल के राष्ट्रपति एंटोनियो जोस सेगुरो ने सार्वजनिक स्थलों पर चेहरा ढकने वाले परिधानों पर रोक लगाने वाले 'बुर्का कानून' को मंजूरी दे दी है। नियमों का उल्लंघन करने पर 150 से 3,000 यूरो तक का जुर्माना लगेगा।

Portugal enacts Burqa Law

Portugal enacts Burqa Law : पुर्तगाल के राष्ट्रपति एंटोनियो जोस सेगुरो ने सार्वजनिक स्थानों पर चेहरा पूरी तरह ढकने वाले परिधानों पर प्रतिबंध लगाने वाले कानून को अपनी अंतिम मंजूरी दे दी है।

स्थानीय मीडिया और राजनीतिक गलियारों में इस विधेयक को व्यापक रूप से ‘बुर्का कानून’ कहा जा रहा है, जिसे मुख्य रूप से मुस्लिम महिलाओं द्वारा पहने जाने वाले पूर्ण चेहरा ढकने वाले घूंघट और नकाब को लक्षित माना जा रहा है। नए नियमों के लागू होने के बाद सार्वजनिक जगहों पर पहचान छिपाने या चेहरा ढकने पर सख्त रोक रहेगी।

सरकार का कहना है कि यह कानून सामाजिक सुरक्षा और आपसी संवाद को बेहतर बनाने के मकसद से तैयार किया गया है।

जुर्माने का प्रावधान

इस कानून के प्रावधानों के अनुसार, सार्वजनिक स्थानों पर चेहरा छिपाने वाले कपड़े पहनना गैर-कानूनी होगा। नियम का उल्लंघन करने वालों पर 150 से लेकर 3,000 यूरो तक का जुर्माना लगाया जाएगा।

इसके अलावा, लिंग, धर्म, उम्र या मूल के आधार पर किसी भी व्यक्ति को जबर्दस्ती चेहरा ढकने के लिए मजबूर करना भी कानूनन अपराध माना जाएगा। हालांकि, स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों, पेशेवर कारणों, कलात्मक प्रदर्शनों, खराब मौसम, पूजा स्थलों, राजनयिक मिशनों और विमानों के भीतर इस प्रतिबंध से छूट दी गई है।

राजनीतिक मतभेद और विरोध

यह विवादित विधेयक जुलाई में संसद से पारित हुआ था। सत्ताधारी दक्षिणपंथी गठबंधन और अति-दक्षिणपंथी राजनीतिक दलों ने इस कानून का पुरजोर समर्थन किया, जबकि वामपंथी दलों ने इसका तीखा विरोध जताया। विपक्षी सोशलिस्ट पार्टी ने इसे इस्लामोफोबिक मानसिकता से प्रेरित बताया। वहीं कम्युनिस्ट पार्टी का कहना है कि इस विधेयक का महिला अधिकारों या सार्वजनिक सुरक्षा से कोई लेना-देना नहीं है।

राष्ट्रपति सेगुरो ने अपने फैसले का बचाव करते हुए कहा कि मानवीय पहचान और सामाजिक संवाद में चेहरा सबसे महत्वपूर्ण माध्यम है। इस कानून के लागू होने के साथ ही पुर्तगाल भी यूरोप के उन देशों की सूची में शामिल हो गया है, जहां सार्वजनिक स्थलों पर पूर्ण चेहरा ढकने पर कानूनी पाबंदी है।

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Rohit Singh

रोहित सिंह पिछले 5 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। राजनीति, समाज, अंतर्राष्ट्रीय, अपराध और शैक्षणिक लेख लिखने में दिलचस्पी रखते हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय से पोलिटिकल साइंस में ग्रेजुएशन और जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई पूरी की है। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं।