दिल्ली की रोहिणी कोर्ट (Rohini Court) ने हरियाणा के कुख्यात गैंगस्टर संदीप, उर्फ काला जठेड़ी को बड़ी राहत देते हुए कुछ घंटों की कस्टडी पैरोल दी है। कोर्ट के आदेश के आधार पर, उसे पुलिस सुरक्षा में गुरुग्राम के एक हॉस्पिटल ले जाया जाएगा, जिससे वह अपनी पत्नी (अनुराधा चौधरी) और हालिया पैदा हुई जुड़वां बेटियों से मिल सके। यह इजाजत सिर्फ और सिर्फ मानवीय आधार को देखते हुए दी गई है। इस दौरान कड़ी सुरक्षा व्यवस्था रहेगी और तय समय समाप्त होने पर उसे वापस जेल भेज दिया जाएगा। अदालत ने साफ तौर पर बताया है कि यह राहत सिर्फ और सिर्फ परिवार से मिलने के मकसद से दी जा रही है।
IVF से पिता बनने की खुशी

बता दें कि काला जठेड़ी दो साल पहले शादी के बंधन में बंधे थे। काला जठेड़ी की पत्नी, अनुराधा चौधरी (Anuradha Chaudhary) ने IVF तकनीक से हाल ही में जुड़वां बेटियों को जन्म दिया। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, डिलीवरी के दौरान अनुराधा चौधरी की तबीयत अचानक बिगड़ गई; स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने बच्चों की सुरक्षित डिलीवरी के लिए ऑपरेशन किया।
जठेड़ी को पेरोल देने से पहले, कोर्ट ने मामले की सच्चाई समझने के लिए अस्पताल के जरूरी कागजात और मेडिकल रिपोर्ट मंगवाई और उसका जांच पड़ताल किया। सभी सबूत को देखने के बाद ही 4 घंटे के लिए कस्टडी पैरोल देने का फैसला कोर्ट ने सुनाया। इस फैसले का एक तरफा मकसद पिता को अपनी पत्नी और नवजात बच्चों से मिलना है।
जठेड़ी पर कई आपराधिक मामले दर्ज
वहीं जेठड़ी के परिवार की सुरक्षा और गोपनीयता बनाए रखने के लिए, अदालत ने आदेश दिया है कि हॉस्पिटल का नाम, मिलने का समय और दूसरी संवेदनशील जानकारी सार्वजनिक न हो। मालूम हो कि काला जठेड़ी और अनुराधा चौधरी की शादी लगभग दो साल पहले हुई थी।

इस दौरान भी अदालत ने छह घंटे की पैरोल दी थी। संदीप, उर्फ काला जठेड़ी, कई आपराधिक मामलों में काफी लंबे समय से जेल में है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, उस पर हत्या, जबरन वसूली और दूसरे गंभीर अपराधों सहित दो दर्जन से अधिक आरोप हैं। इसके बावजूद, न्यायलय ने मानवीय दृष्टिकोण को देखते हुए यह इजाजत दी है, ताकि वह अपने परिवार के साथ कुछ समय बिता सकें।
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