Mumbai Bengaluru Highway Jam: महाराष्ट्र के पुणे जिले में चार साल की बच्ची से दुष्कर्म और हत्या का मामला सामने आने के बाद पूरे इलाके में आक्रोश और दुख का माहौल है। सैकड़ों लोगों ने सड़कों पर उतरकर मुंबई-बेंगलुरु हाईवे को जाम कर दिया, जिसके कारण हाईवे लगभग चार घंटे तक बाधित रहा।
बच्ची के परिवार वालों और अन्य प्रदर्शनकारियों ने शनिवार शाम को ‘नवाले ब्रिज’ क्षेत्र में पीड़िता के शव को रख दिया और इस मामले में आरोपी को कड़ी सजा देने की मांग की। पीड़िता के पिता ने भी एक एक वीडियो संदेश जारी कर साफ़ कहा कि किसी भी राजनीतिक मुलाकात या सांत्वना की जरूरत नहीं है, जब तक उनकी बेटी को पूरी इन्साफ नहीं मिल जाता, तब तक यह लड़ाई जारी रहेगी।
कड़ी पुलिस सुरक्षा व्यवस्था में बच्ची का अंतिम संस्कार
कई ऐसे वीडियो भी सामने आए हैं, जिनमें हाईवे पर भारी ट्रैफिक जाम नजर आ रहा है। बाद में कड़ी पुलिस सुरक्षा व्यवस्था के बीच आधी रात के बाद यहां वैकुंठ श्मशान घाट में पीड़िता का अंतिम संस्कार किया गया। इस मामले में आरोपी व्यक्ति मजदूर है और उसका आपराधिक रिकॉर्ड है।
4 साल की बच्ची से 65 साल के शख्स ने किया दुष्कर्म
यह घटना 1 मई की है, जब गर्मी की छुट्टियों में अपनी नानी के घर आई एक नाबालिग बच्ची को दोपहर 3:30 बजे एक 65 साल का व्यक्ति बछड़ा दिखाने के बहाने अपने साथ ले गया, जहां उसने पहले तो नाबालिग से दुष्कर्म किया और फिर उसे मौत के घाट उतारकर उसके शव को गोबर के ढेर के नीचे छिपा दिया। बच्ची के लापता होने पर उसके रिश्तेदारों ने तलाश शुरू की और इसी दौरान एक घर के CCTV फुटेज में आरोपी, बच्ची के साथ नजर आ रहा है। इसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने दिया ये आदेश
शनिवार को महाराष्ट्र की उप-मुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने बच्ची के परिवार से मुलाकात की और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने इस घटना को मानवता पर कलंक बताया और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से त्वरित सुनवाई की मांग की। उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने पुणे ग्रामीण पुलिस को निर्देश दिया कि ठोस सबूत जुटाकर मजबूत मामला तैयार किया जाए और मामले की सुनवाई त्वरित अदालत में कराई जाए। बयान के अनुसार, शिंदे ने यह भी सुनिश्चित करने का आदेश दिया कि आरोपी को अधिकतम सजा, यानी फांसी की सजा मिले।
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