‘हमें बचाइए’… PoK में पाकिस्तानी सेना के कोहराम के बाद लोगों ने भारत से मांगी मदद!

Summary :

Pakistan Pok Crackdown: पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में पाकिस्तान सरकार और सेना के खिलाफ विरोध प्रदर्शन तेज हो गए हैं। जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी ने सुरक्षा बलों की गोलीबारी में 30 लोगों के मारे जाने का दावा किया है। सोशल मीडिया पर मदद की अपील वाले वीडियो वायरल हैं, लेकिन इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

Pakistan Pok Crackdown: पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में हालात सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं। यहां बड़ी संख्या में लोग पाकिस्तान सरकार और सेना के खिलाफ सड़कों पर उतर आए हैं। प्रदर्शनकारी अपने अधिकारों और सुरक्षा की मांग कर रहे हैं। इस बीच आरोप लगाया जा रहा है कि विरोध प्रदर्शन को रोकने के लिए पाकिस्तानी सेना और रेंजर्स ने  कड़ा रुख अपनाया है। ऐसे में  कई जगहों पर बल प्रयोग और गोलीबारी की खबरें सामने आई हैं।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रही जॉइंट अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) का दावा है कि सोमवार और मंगलवार के दौरान सुरक्षा बलों की कार्रवाई में 30 लोगों की जान गई है। समिति के अनुसार, सोमवार को 25 लोगों की जान गई, जबकि मंगलवार को 5 और लोगों के मारे जाने का दावा किया गया है। लेकिन , इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। वहीं प्रदर्शनकारी भारत से मदद की गुहार लगा रहे हैं।

सोशल मीडिया पर सामने आए कई वीडियो

बता दें, कि इस दौरान, PoK से सोशल मीडिया पर कई वीडियो वायरल हो रहे हैं। इन वीडियो में कुछ लोग पाकिस्तान की सेना और पुलिस पर गंभीर आरोप लगाते हुए दिखाई दे रहे हैं। एक वायरल वीडियो में एक महिला दावा करती है कि सुरक्षा बलों की कार्रवाई में कई लोगों की मौत हुई है और पूरे इलाके में डर का माहौल बना हुआ है। वीडियो में वह भारत से मदद की अपील भी करती नजर आती है। लेकिन, इन वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए इनमें किए गए दावे कितने सच है ये कहना अभी सही नहीं होगा।

रिपोर्टों के अनुसार, PoK में चल रहे विरोध प्रदर्शन में अब कुछ ऐसे लोग भी शामिल हो गए हैं, जो पहले पाकिस्तानी सेना का हिस्सा रह चुके हैं और भारत के खिलाफ हमलों में आतंकियों  को ट्रेनिंग दे चुके हैं। बताया जा रहा है कि प्रदर्शन के दौरान हुई गोलीबारी में कुछ रिटायर्ड सैनिक और पूर्व अधिकारी भी घायल हुए हैं। इससे साफ संकेत मिलता है कि विरोध केवल आम लोगों तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के अलग-अलग वर्ग भी हिस्सा है।

रिटायर्ड SSG कमांडो के घायल होने का दावा

कुछ मीडिया रिपोर्टों और ओपन सोर्स इंटेलिजेंस (OSINT) से जुड़े प्लेटफॉर्म्स में किए गए दावों के अनुसार,  पाकिस्तानी सेना के रिटायर्ड SSG कमांडो फारुक सुधन भी गोलीबारी में घायल हुए हैं। उनके अस्पताल में भर्ती होने का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर शेयर किया गया है।  रिपोर्टों में उन पर अतीत में आतंकवादियों को प्रशिक्षण देने के आरोप भी लगाए गए हैं। हालांकि, इस वीडियो और उससे जुड़े दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए इन्हें अंतिम सत्य नहीं माना जा सकता।

शवों को गायब करने के भी लगे आरोप

JACC ने पाकिस्तानी सुरक्षा बलों पर एक और गंभीर आरोप लगाया है। समिति का कहना है कि कार्रवाई में मारे गए लोगों के शवों को परिजनों को नहीं सौंपा जा रहा और उन्हें गायब किया जा रहा है। हालांकि, पाकिस्तान की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है और इन दावों की भी स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। PoK में जारी विरोध प्रदर्शन और हिंसा के आरोपों ने क्षेत्र के हाला  और संवेदनशील बना दिए  है।

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Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।