पूर्व स्पिनर प्रज्ञान ओझा ने कहा- कुंबले मैदान के अंदर बेहद आक्रामक, बाहर नरम थे

Summary :

ओझा ने कहा, सचिन पाजी काफी शांत रहते थे। वह कभी प्रतिक्रिया नहीं देते थे। उनका एक अलग नजरिया था। अनिल भाई का नजरिया अलग था। धोनी और कोहली, वे देश के लिए खेल जीतना चाहते हैं, लेकिन उनका नजरिया पूरी तरह से अलग है।

पूर्व भारतीय स्पिनर प्रज्ञान ओझा ने कहा है कि दिग्गज स्पिनर अनिल कुंबले मैदान के अंदर बेहद आक्रामक और बाहर नरम स्वभाव के थे। अपने पांच साल के संक्षिप्त अंतरराष्ट्रीय करियर में 113 टेस्ट विकेट लेने वाले ओझा ने कहा,  जब वह मैदान पर थे तो कुंबले बेहद आक्रामक हुआ करते थे, प्रतिद्वंद्वी और अपने खिलाड़ियों के साथ।
उन्होंने कहा, मैदान से बाहर आप सम्बद्ध नहीं हो पाएंगे। मैं उसी व्यक्ति से बात कर रहा हूं जिसे मैंने जमीन पर देखा था?। वह कड़ी प्रतिस्पर्धा करते थे, लेकिन मैदान से बाहर, वह बहुत ही नरम थे। ओझा अपने पूरे अंतरराष्ट्रीय करियर के दौरान महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में खेले थे। भारतीय टीम के साथ उनका समय उस समय शुरू हुआ था जब सचिन तेंदुलकर, सौरव गांगुली, राहुल द्रविड़ और वीवीएस लक्ष्मण जैसे दिग्गज खिलाड़ियों का करियर समाप्त होने वाला था और विराट कोहली तथा रोहित शर्मा जैसे खिलाड़ियों का टीम में आगमन हुआ था।
ओझा ने कहा, सचिन पाजी काफी शांत रहते थे। वह कभी प्रतिक्रिया नहीं देते थे। उनका एक अलग नजरिया था। अनिल भाई का नजरिया अलग था। धोनी और कोहली, वे देश के लिए खेल जीतना चाहते हैं, लेकिन उनका नजरिया पूरी तरह से अलग है।

Desk Team